CM Soren in Niti Aayog Meeting: नई दिल्ली में शनिवार को भारत मंडपम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में नीति आयोग की शासी परिषद की 10वीं बैठक आयोजित हुई। इस महत्वपूर्ण बैठक में झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने हिस्सा लिया और राज्य की सामाजिक-आर्थिक चुनौतियों और विकास की जरूरतों को मजबूती से राष्ट्रीय मंच पर प्रस्तुत किया। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, नीति आयोग के उपाध्यक्ष अमिताभ कांत, विभिन्न राज्यों के मुख्यमंत्री और वरिष्ठ अधिकारियों की उपस्थिति में सोरेन ने झारखंड के लिए विशेष सहायता और बकाया राशि की मांग को प्रमुखता से उठाया।
PM से मांगे 1 लाख 40 हजार करोड़
मुख्यमंत्री सोरेन ने बैठक में खनन कंपनियों द्वारा भूमि मुआवजे के बकाया 1 लाख 40 हजार 435 करोड़ रुपये को यथाशीघ्र उपलब्ध कराने की मांग की। उन्होंने कहा कि झारखंड खनिज संपदा से समृद्ध है, लेकिन खनन गतिविधियों के कारण पर्यावरण प्रदूषण और विस्थापन जैसी समस्याएं गंभीर चुनौती बन चुकी हैं। उन्होंने कोल बेयरिंग एक्ट (सीबीए) में संशोधन की मांग की, ताकि खनन के बाद बेकार पड़ी भूमि को राज्य सरकार को वापस किया जा सके। इसके अलावा, उन्होंने अनधिकृत खनन पर रोक लगाने और कंपनियों की जवाबदेही तय करने की आवश्यकता पर जोर दिया।
CM Soren in Niti Aayog Meeting: विशेष केंद्रीय सहायता मिले – CM सोरेन
सोरेन ने यह भी मांग की कि झारखंड को पूर्वोत्तर राज्यों की तरह विशेष केंद्रीय सहायता प्रदान की जाए। उन्होंने बताया कि झारखंड का वन क्षेत्र पूर्वोत्तर राज्यों के समकक्ष है, जिसके कारण बुनियादी ढांचा परियोजनाओं के लिए मंजूरी में देरी होती है। इस देरी से विकास कार्य प्रभावित होते हैं। इसलिए, पूर्वोत्तर राज्यों को मिलने वाली विशेष सहायता की तर्ज पर झारखंड को भी सहयोग दिया जाए, ताकि विकास की गति को तेज किया जा सके।
स्थानीय रोजगार सृजन को बढ़ावा मिले
मुख्यमंत्री ने झारखंड में कोल-बेस्ड मीथेन गैस की प्रचुर उपलब्धता का जिक्र करते हुए इसके उपयोग से ऊर्जा उत्पादन को बढ़ाने का सुझाव दिया। उन्होंने खनन कंपनियों को कैप्टिव पावर प्लांट स्थापित करने और उत्पादन का 30% हिस्सा राज्य में उपयोग करने की अनिवार्यता की मांग की, जिससे स्थानीय रोजगार सृजन को बढ़ावा मिले। साथ ही, उन्होंने महिला सशक्तिकरण के लिए राज्य सरकार की पहल, जैसे 50 लाख महिलाओं को प्रतिमाह 2500 रुपये की आर्थिक सहायता, और अबुआ स्वास्थ्य योजना जैसी योजनाओं का उल्लेख किया।
वित्तीय सहायता की आवश्यकता पर दिया बल
CM Soren in Niti Aayog Meeting: सोरेन ने शिक्षा, स्वास्थ्य, सिंचाई और रोजगार सृजन जैसे क्षेत्रों में केंद्र की योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन और वित्तीय सहायता की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने कहा कि झारखंड सरकार विकसित भारत-2047 के लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए केंद्र के साथ मिलकर काम करने को प्रतिबद्ध है। बैठक के बाद मीडिया से बातचीत में उन्होंने विश्वास जताया कि नीति आयोग की यह बैठक झारखंड के विकास के लिए सकारात्मक परिणाम लाएगी।
