Byohari News: शहडोल जिले के ब्यौहारी तहसील कार्यालय में लंबे समय से जमे कुछ कर्मचारियों को लेकर क्षेत्रवासियों में भारी आक्रोश है। खासतौर पर राजेश साकेत नामक एक कर्मचारी पर गंभीर आरोप लगे हैं कि वह बीते 10 वर्षों से तहसील कार्यालय में पदस्थ है और आम लोगों, खासकर काश्तकारों के काम बिना लेन-देन के नहीं करता।

Byohari News: आम जनता बुरी तरह परेशान
सूत्रों के अनुसार, राजेश साकेत ने केवल खुद ही नहीं, बल्कि अपने नजदीकी रिश्तेदारों को भी तहसील में जमा लिया है। बताया जा रहा है कि उसका भाई संजय साकेत नियमित रूप से तहसील परिसर में बैठता है और आने-जाने वालों से ‘सेटिंग’ के नाम पर पैसे की मांग करता है। जब तक पैसे की बात तय नहीं होती, लोगों का काम आगे नहीं बढ़ाया जाता। यह पूरा सिलसिला एक सुनियोजित तरीके से चल रहा है, जिससे आम जनता बुरी तरह परेशान है।
Byohari News: सुविधा शुल्क वसूलने में जुटी
इतना ही नहीं, हाल ही में राजेश साकेत ने अपने साले को भी तहसील कार्यालय में सेटिंग करवा कर बैठा दिया है, जो पूरे नेटवर्क का हिस्सा बन चुका है। क्षेत्रीय लोगों का कहना है कि तहसील में बनी यह “पारिवारिक टीम” आमजन से अवैध रूप से सुविधा शुल्क वसूलने में जुटी है, जिससे पारदर्शिता और जवाबदेही पूरी तरह खत्म हो चुकी है।
Byohari News: भ्रष्टाचार पर लगाम लगाई जा सके
इस पूरे मामले को लेकर स्थानीय लोगों में भारी नाराजगी है। कई समाजसेवियों और जागरूक नागरिकों ने प्रशासन से मांग की है कि ऐसे बाबुओं को, जो वर्षों से एक ही स्थान पर जमे हुए हैं, तत्काल प्रभाव से हटाया जाए। इसके साथ ही उनके सगे-संबंधियों को भी कार्यालय परिसर से हटाया जाए, ताकि तहसील में फैल रही दलाली और भ्रष्टाचार पर लगाम लगाई जा सके।
विश्वास पूरी तरह खत्म हो सकता
नेशन मिरर की रिपोर्ट के अनुसार, जनता अब खुलकर इस मामले में प्रशासन से कार्रवाई की मांग कर रही है। यदि समय रहते सख्त कदम नहीं उठाए गए, तो यह भ्रष्टाचार और भी गहराता जाएगा और जनता का विश्वास पूरी तरह खत्म हो सकता है।
तहसील प्रशासन से पारदर्शिता और जवाबदेही की उम्मीद कर रहे नागरिक अब बदलाव की राह देख रहे हैं।
