Brij Bhushan supports Akhilesh Yadav : उत्तर प्रदेश की राजनीति में इन दिनों एक दिलचस्प समीकरण उभर रहा है। समाजवादी पार्टी (सपा) के अध्यक्ष अखिलेश यादव अक्सर बीजेपी के निशाने पर रहते हैं, लेकिन हाल ही में बीजेपी के वरिष्ठ नेता और पूर्व सांसद बृजभूषण शरण सिंह उनके समर्थन में खुलकर खड़े नजर आ रहे हैं।
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बृजभूषण शरण सिंह: राजनीतिक समीकरण और समर्थन
बृजभूषण शरण सिंह ने कई मंचों पर अखिलेश यादव की तारीफ करते हुए उन्हें धर्मनिरपेक्ष और धार्मिक व्यक्ति बताया। उन्होंने यह भी कहा कि अखिलेश श्रीकृष्ण के वंशज हैं और इटावा में भव्य मंदिर भी बनवाया है। ऐसे में उन्हें धर्म विरोधी बताना गलत है। बृजभूषण ने कहा कि अखिलेश यादव का मजबूरी में कभी-कभी ऐसा राजनीतिक स्टैंड लेना पड़ता है, लेकिन मूल रूप से वे धर्म के विरोधी नहीं हैं।
बीजेपी के नैरेटिव को चुनौती
बीजेपी अक्सर अखिलेश यादव पर ‘धर्म विरोधी’ होने का नैरेटिव खड़ा करती रही है, लेकिन बृजभूषण का रुख इस नैरेटिव के प्रभाव को कम करता है। जब बीजेपी के ही कद्दावर नेता अखिलेश को धार्मिक और समाज के स्थापित मूल्यों से जुड़ा घोषित करते हैं, तो विपक्ष पर लगे आरोपों की धार कमजोर हो जाती है।
बृजभूषण की वजहें
राजनीतिक विश्लेषकों के मुताबिक बृजभूषण सिंह का यह समर्थन केवल व्यक्तिगत संबंध या विचारधारा की वजह से नहीं है, बल्कि इसमें गहरे राजनीतिक दांवपेंच छिपे हैं। वे अपने मसूबों के चलते बीजेपी और सपा के बीच की लड़ाई में खुद को तटस्थ दिखाकर आगे अपने लिए नई राह तलाश सकते हैं
