Mahendra Nagar expelled BJP : मध्य प्रदेश के गुना जिले में हत्याकांड ने सियासी माहौल को हिला दिया है। इस मामले में मुख्य आरोपी महेंद्र नागर भारतीय जनता पार्टी का बूथ अध्यक्ष निकला घटना में एक किसान की हत्या और उसकी बेटी से दुर्व्यवहार का आरोप है। मामले के सामने आने के बाद पार्टी ने आरोपी को पार्टी से निष्कासित कर दिया है।
थार गाड़ी से रौंदा
महेंद्र नागर और उसके साथियों ने जमीन विवाद के चलते एक किसान पर हमला कर दिया। विवाद के दौरान आरोपी ने अपनी थार गाड़ी किसान पर चढ़ा दी, जिससे मौके पर ही उसकी मौत हो गई।
आरोपी ने किसान की बेटी के साथ अभद्रता की और उसके कपड़े भी फाड़ दिए। इस अमानवीय कृत्य से पूरे क्षेत्र में आक्रोश फैल गया। ग्रामीणों ने आरोपी की गिरफ्तारी की मांग करते हुए थाना घेराव किया।
सीएम ने दिए कार्रवाई के निर्देश
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने हत्याकांड में सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए। सीएम ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, ‘गुना के फतेहगढ़ थाना क्षेत्र में आपसी विवाद में एक व्यक्ति की दुखद मृत्यु होने की घटना संज्ञान में आई है। मैं परिजनों के प्रति शोक संवेदना व्यक्त करता हूं। मैंने इस प्रकरण में पुलिस और प्रशासन के अधिकारियों को सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। 14 आरोपियों के खिलाफ प्रकरण भी दर्ज किया गया है। पुलिस ने एक आरोपी को राउंडअप किया है। दोषी को बख्शा नहीं जाएगा।
आरोपी की पार्टी में जिम्मेदारी
महेंद्र नागर बीजेपी के बूथ नंबर 72 का अध्यक्ष था। जब यह जानकारी सार्वजनिक हुई, तो पार्टी ने तुरंत कार्रवाई करते हुए उसकी प्राथमिक सदस्यता खत्म कर दी।
प्रशासनिक कार्रवाई तेज
घटना के बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। आरोपी महेंद्र नागर और उसके दो साथियों के खिलाफ हत्या, छेड़छाड़ और अनुसूचित जाति-जनजाति अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है।
राज्य सरकार ने इस घटना को गंभीर मानते हुए मजिस्ट्रियल जांच के आदेश दिए हैं।
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राजनीतिक गलियारों में मचा हंगामा
इस मामले ने राजनीतिक तापमान बढ़ा दिया है। विपक्ष ने सत्तारूढ़ दल पर आरोप लगाया है कि उनके नेताओं के संरक्षण में अपराध बढ़ रहे हैं। कांग्रेस के स्थानीय नेताओं ने कहा कि यह घटना सत्ता के अहंकार का प्रतीक है और सरकार अपराधियों पर कार्रवाई करने में देरी कर रही है।
वहीं, बीजेपी ने कहा, कि अपराध में लिप्त किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा।
ग्रामीणों में रोष
गांव में माहौल तनावपूर्ण है। मृतक किसान के परिवार ने न्याय की गुहार लगाते हुए कहा कि आरोपी को सख्त सजा दी जाए जिससे भविष्य में कोई ऐसा दुस्साहस न कर सके।
ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया कि जमीन विवाद की जानकारी पहले से प्रशासन को दी गई थी, लेकिन समय रहते कार्रवाई नहीं की गई।
