छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में रेलवे कोचिंग डिपो में बड़ा हादसा हो गया। वंदे भारत के एक्स्ट्रा कोच की धुलाई करते समय एक ठेका कर्मी युवक 133KV हाईटेंशन तार की चपेट में आ गया। जिससे वह गंभीर रूप से झुलस गया। युवक को अपोलो अस्पताल में भर्ती कराया गया है। उसकी हालत नाजुक बनी हुई है।
सफाई करते ट्रेन की चपेट में आया
घटना का वीडियो भी सामने आया है। वीडियो में युवक दर्द से तड़पते हुए दिखाई दे रहा है। जानकारी के मुताबिक, युवक का नाम प्रताप बर्मन है, जो एक ठेका कंपनी के तहत काम कर रहा था। प्रताप कोच की सफाई कर रहा था, तभी अचानक किसी ने लाइन चालू कर दी।युवक का संपर्क ऊपर से गुजर रहे हाई वोल्टेज तार से हो गया। युवक जांजगीर-चांपा जिले का रहने वाला है। साथी कर्मचारियों ने कहा कि रेलवे अधिकारियों की लापरवाही के कारण ये घटना हुई है।
गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती
प्रताप बर्मन का शरीर बुरी तरह झुलस गया है। गंभीर हालत में उस रेलवे अस्पताल लाया गया। उसकी हालत को देखते हुए सिम्स रेफर कर दिया है। घायल को दोपहर 2:20 बजे सिम्स के बर्न यूनिट में भर्ती किया गया। 3:45 बजे परिजनों ने बेहतर इलाज के लिए अपोलो अस्पताल में भर्ती किया।
विभाग की लापरवाही?
साथी ठेका कर्मचारी चरणदास का कहना है कि, हम वाटर टेस्टिंग करते हैं। रेलवे कर्मचारी मीणा सर ने कहा कि जैमर लग गया है। ऊपर चढ़ जाओ। हम ऊपर चढ़े तो बारिश होने लग गई। इसके बाद नीचे उतर गए। लेकिन मीणा सर ने कहा कि, दूसरे जगह काम करना है। काम खत्म करो और पाइप निकाल कर जल्दी ले आओ। जैमर का काम वही देखते हैं। उनके कहने पर ही हम ऊपर चढ़े। इस दौरान कर्मचारी हाई वोल्टेज तार की चपेट में आ गया। इस हादसे में मीणा सर की गलती है। उन्हें ही लाइन चालू है या बंद है, इसकी जानकारी होती है। उनके कहने पर ही हम ऊपर चढ़ते हैं। हमें इसकी जानकारी नहीं होती है कि जैमर कौन चालू कर रहा है और बंद कर रहा है।
133 केवी लाइन कर दी चालू
पीड़ित के दोस्त अरुण सोनवानी ने बताया कि, मुझे कॉल आया कि एक्सीडेंट हो गया है। जब अस्पताल पहुंचा तो उसे रेलवे अस्पताल लेकर पहुंच गए थे। वहां पता चला कि 133 केवी लाइन बिजली तार की चपेट में आया है। सफाई करने के दौरान बिजली लाइन बंद कर दी जाती है, लेकिन उस दौरान सप्लाई चालू थी।
वंदे भारत ट्रेन आने के चलते लाइन चालू कर दिया गया था, लेकिन इसकी सूचना इधर कर्मचारियों को नहीं दी गई है। इस घटना में ठेकेदार की लापरवाही है। उसने कर्मचारियों को सूचना नहीं दी की लाइन चालू है, दोस्त को पता होता तो हादसा नहीं होता।
जांच के बाद होगी कार्रवाई- DCM
रेलवे के सीनियर DCM अनुराग सिंह ने कहा कि हादसे के बाद घायल के इलाज पर ध्यान दिया जा रहा है। हादसा क्यों और कैसे हुआ? इसकी जांच के लिए सेफ्टी डिपार्टमेंट को निर्देशित किया गया है। जो भी जिम्मेदार होगा उस पर कार्रवाई की जाएगी।
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