Bihar Tourism Caravan: बिहार सरकार पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए लगातार नए और आकर्षक कदम उठा रही है, ताकि पर्यटकों को एक यादगार और सुविधाजनक अनुभव मिल सके। गर्मी की छुट्टियों को और भी खास बनाने के लिए बिहार टूरिज्म ने एक अनूठी पहल शुरू की है, जिसका नाम है ‘कारवां’। यह एक खास तरह की गाड़ी है, जो पर्यटकों को बिहार और आसपास के राज्यों की सैर कराने के लिए डिज़ाइन की गई है। यह गाड़ी न केवल एक वाहन है, बल्कि एक चलता-फिरता होटल है, जो होटल जैसी सभी आधुनिक सुविधाओं से लैस है।
ये है गाड़ी की खासियत
‘कारवां’ गाड़ी को इस तरह तैयार किया गया है कि यह पर्यटकों को घर जैसा आराम और सुविधा प्रदान करे। इसमें फ्रिज, माइक्रोवेव, एयर कंडीशनर (एसी), गीजर, टेलीविजन (टीवी) और अन्य सभी जरूरी सुविधाएं उपलब्ध हैं, जो किसी लग्जरी होटल रूम में मिलती हैं। चाहे आप परिवार के साथ हों या दोस्तों के साथ, यह गाड़ी आपके सफर को आरामदायक और मनोरंजक बनाने के लिए पूरी तरह तैयार है। पर्यटक इस गाड़ी को बुक करके बिहार के प्रमुख पर्यटन स्थलों जैसे राजगीर, नालंदा, बोधगया, वैशाली, और पटना के साथ-साथ पड़ोसी राज्यों के आकर्षक स्थानों की सैर भी कर सकते हैं।
किसी होटल से कम नहीं कारवां गाड़ी
बिहार टूरिज्म विभाग के अधिकारियों के अनुसार, वर्तमान में विभाग के पास दो ऐसी ‘कारवां’ गाड़ियां उपलब्ध हैं, और दो से तीन नए मॉडल की गाड़ियों की खरीद प्रक्रिया चल रही है। इन गाड़ियों को और अधिक उन्नत और पर्यटक-अनुकूल बनाने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। यह पहल न केवल पर्यटकों के लिए सुविधाजनक है, बल्कि बिहार के पर्यटन क्षेत्र को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बढ़ावा देने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
‘कारवां’ की खासियत यह है कि यह पर्यटकों को स्वतंत्रता और लचीलापन प्रदान करती है। आप अपने समय और पसंद के अनुसार यात्रा की योजना बना सकते हैं, बिना होटल बुकिंग या अन्य व्यवस्थाओं की चिंता किए। यह गाड़ी उन लोगों के लिए भी आदर्श है, जो ग्रुप में यात्रा करना पसंद करते हैं और एक अनोखे अनुभव की तलाश में हैं।
Bihar Tourism Caravan: मात्र इतने रुपये में कर सकते हैं सफर
इसके अलावा, यह गाड़ी पर्यावरण के अनुकूल और टिकाऊ पर्यटन को बढ़ावा देने की दिशा में भी एक कदम है। बिहार सरकार की यह पहल पर्यटन उद्योग में एक नया आयाम जोड़ रही है। बिहार के समृद्ध सांस्कृतिक और ऐतिहासिक धरोहरों को देखने के लिए देश-विदेश से आने वाले पर्यटकों के लिए ‘कारवां’ एक आकर्षक विकल्प साबित हो सकता है। बोधगया का महाबोधि मंदिर, नालंदा विश्वविद्यालय के खंडहर, राजगीर की प्राकृतिक सुंदरता, और वैशाली का ऐतिहासिक महत्व बिहार को पर्यटन का एक प्रमुख केंद्र बनाते हैं। ‘कारवां’ के माध्यम से इन स्थानों को और भी आसानी से देखा जा सकता है।
‘कारवां’ के भाड़े को लेकर बताया गया कि 250 किमी के लिए बुक किया जा सकता है। 35 रुपये प्रति किलोमीटर के हिसाब से इसका चार्ज लगेगा। हालांकि, अगर रात को कहीं गाड़ी रुकती है तो 500 रुपये एक्स्ट्रा चार्ज देना पड़ेगा। कुल मिलाकर 9 से दस हजार रुपये खर्च कर आप इस गाड़ी पर 250 किमी का सफर नाइट आउट के साथ तय कर सकते हैं। वहीं, इसकी बुकिंग ऑनलाइन के साथ-साथ ऑफलाइन भी की जा सकती है।
पर्यटन विभाग का यह प्रयास न केवल पर्यटकों को सुविधा प्रदान करेगा, बल्कि स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी मजबूती देगा। ‘कारवां’ जैसी सुविधाएं स्थानीय गाइड, ड्राइवर, और अन्य सेवा प्रदाताओं के लिए रोजगार के अवसर पैदा करेंगी। साथ ही, यह पर्यटकों को बिहार की संस्कृति, खानपान, और आतिथ्य से करीब से परिचित कराएगा।
