5 शहरों में हाईवे जाम, जानिए पूरा घटनाक्रम
बिहार चुनाव से पहले वोटर वेरिफिकेशन के आदेश के खिलाफ बुधवार को पूरे बिहार में महागठबंधन ने बंद का आयोजन किया। इस बंद में कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी भी शामिल हुए और विरोध प्रदर्शन में सक्रिय भूमिका निभाई। उन्होंने पटना पहुंचकर बंद में हिस्सा लिया और सरकार के इस फैसले के खिलाफ आवाज बुलंद की।

विरोध प्रदर्शन का असर: ट्रेनें रोकी गईं, हाईवे जाम
बंद के दौरान भोजपुर के बिहिया स्टेशन पर पूर्व RJD विधायक भाई दिनेश के नेतृत्व में समर्थकों ने श्रमजीवी एक्सप्रेस और विभूति एक्सप्रेस ट्रेनें रोककर नारेबाजी की। हालांकि तीन मिनट के भीतर पुलिस ने ट्रेनों को फिर से चलाया। वहीं, बेगूसराय में RJD कार्यकर्ताओं ने राष्ट्रीय राजमार्ग NH-31 को जाम कर सरकार विरोधी नारे लगाए।
जहानाबाद में भी महागठबंधन के नेताओं ने मेमू पैसेंजर ट्रेन को रोककर विरोध प्रदर्शन किया। पुलिस ने थोड़ी देर बाद प्रदर्शनकारियों को ट्रैक से हटाया। दरभंगा में प्रदर्शनकारियों ने नमो भारत ट्रेन को रोक दिया।

पटना के मनेर में NH-30 जाम कर प्रदर्शनकारियों ने आगजनी भी की। माले के नेतृत्व में आरा से सासाराम मुख्य मार्ग जाम होने से सैकड़ों वाहन फंसे रहे। पटना के सचिवालय हॉल्ट पर सांसद पप्पू यादव ने समर्थकों के साथ ट्रेन रोककर विरोध जताया।
कटिहार में जाम की वजह से फंसी महिलाएं प्रदर्शनकारियों से रास्ता देने की गुहार लगाती दिखीं, लेकिन प्रदर्शन जारी रहा।
बंद के दौरान कुल 4 जिलों में ट्रेनें रोकी गईं
पटना, भोजपुर, जहानाबाद और दरभंगा में प्रदर्शनकारियों ने ट्रेनें रोककर अपनी नाराजगी जाहिर की। खासकर पटना सचिवालय हॉल्ट पर पप्पू यादव के नेतृत्व में ट्रेन रोकी गई। भोजपुर के बिहिया स्टेशन पर भी RJD नेताओं ने ट्रेनें रोकीं। जहानाबाद और दरभंगा में भी प्रदर्शनकारी ट्रेन रोको आंदोलन में शामिल रहे।
हाईवे जाम के बड़े केंद्र
सासाराम में राष्ट्रीय राजमार्ग 106 को जाम किया गया। आरा में राजद कार्यकर्ताओं ने मुख्य मार्ग पर आगजनी की। पटना के मनेर में NH-30 को जाम कर विरोध प्रदर्शन तेज किया गया। बेगूसराय और माले ने भी प्रमुख मार्गों को जाम कर दिया। इन इलाकों में जाम से ट्रैफिक पूरी तरह ठप रहा।
सुप्रीम कोर्ट में 10 जुलाई सुनवाई
बिहार में मतदाता सूची पुनरीक्षण को लेकर सुप्रीम कोर्ट में 10 जुलाई को सुनवाई होनी है। इस मामले में गैर सरकारी संस्था एसोसिएशन ऑफ डेमोक्रेटिक रिफॉर्म्स (ADR) ने चुनाव आयोग के आदेश को रद्द करने की याचिका दायर की है। विपक्ष का मानना है कि वोटर वेरिफिकेशन का यह तरीका चुनाव प्रक्रिया को प्रभावित कर सकता है।

बिहार बंद ने राज्य के कई हिस्सों में ट्रैफिक और ट्रेनों के संचालन को बाधित कर दिया है। राहुल गांधी समेत विपक्ष के नेताओं ने इस बंद को सफल बनाने के लिए व्यापक रूप से आंदोलन किया। सुप्रीम कोर्ट में 10 जुलाई को होने वाली सुनवाई इस विवाद का अगला महत्वपूर्ण मोड़ होगी।
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