Reporter: shailendrara
रामनगर मैहर(शैलेन्द्र चौरसिया)– रामनगर के बहुमूल्य बेशकिमती भूखण्डो पर भीमसेन ने फर्जी तरीके से दस्तावेज तैयार प्लाटो पर कब्जा कर कंचन काम्प्लेक्स का निर्माण कर दिया है। जब किसी विस्थापित को एक प्लाट आवंटित है तो दूसरा प्लाट उसे आवंटित नहीं हो सकता शासन की गाइड लाइन पर है।जिसकी बुनियादें अनैतिक रूप से तैयार की गई है। गुलाब बाई बेवा भगवानदीन सोनी आवासीय भूखण्ड पट्टा क्रमांक 133/पुनर्वास/98 दिनांक 08-01-19998 को सीरियल प्लाट क्रमांक 1863 एलाट होता है। जिनके नाम पर पुनः भीमसेन सोनी द्वारा भूखण्ड पट्टा क्रमांक 917/1 रामनगर स्टेट बैंक के सामाने रामहित गुप्ता के प्लाट के बगल पर नाला की जमीन 20*180 वर्ग फिट जमीन पर फर्जी पट्टा तैयार कर बेगम के नाम पर कंचन काम्प्लेक्स का निर्माण कर देता है।
अबैध निर्माण के संबंध पर भीमसेन सोनी को नोटिस मिलने पर तिलमिला उठते हैं। जिसमे नोटिस का जबाब बड़ा ही अटपटा उनके संबंधित द्वारा आता हैं। कंचन काम्प्लेकस अतिक्रमण की उक्त आराजी शासकीय या नजूल का लेख मांगा गया। तथा संबंधित की शिकायत वा स्थल पंचनामा चाहा गया आराजी जलसंसाधन बाणसागर परियोजना की है। उक्त आराजी राजस्व वा नजूल ना होने की स्थिति में कार्यवाही का अधिकारी ना होने का लेख किया गया। तथा वार्ड क्रमांक 07 रामहित गुप्ता के बगल में नाला की जमीन पर दो इमारत बिल्डिंग बनाकर खडी की गई जिसकी परमिशन तक नगरी निकाय से नहीं ली गई जिस पर अतिक्रमण नहीं किया जाने का लेख किया। तथ्यहीन आधारहीन नोटिस विधि प्रक्रिया के विपरीत बताकर नगरी निकाय के अधिकारो की निंदा की गई है।जब की भूविस्थापित रामनगर पूर्व में ग्राम पंचायत के समक्ष सारे अधिकार रीवा कमिश्नर डां रविन्द्र पस्तोर द्वारा 14-10-2010 को सौपे जा चुके हैं। अब वो पूरे अधिकार नगर निकाय रामनगर को है। संबंधित द्वारा नोटिस का इस तरह जबाब देकर निकाय के अधिकार स्वामित्व शासकीय कार्य पर क्या?तमाचा जड़ा गया।
