रात में हुई लूट की कोशिश
राजस्थान के बारां जिले के अटरू थाना क्षेत्र में 3 जून 2025 की रात एक सनसनीखेज लूट का प्रयास हुआ, जिसे पुलिस ने त्वरित कार्रवाई कर नाकाम कर दिया। फरियादी रविप्रकाश पुत्र मोहनलाल दर्जी ने पुलिस को बताया कि वह अपनी दुकान बंद कर घर जाने की तैयारी कर रहे थे, तभी एक व्यक्ति ने उनसे पैसे की मांग की। इस व्यक्ति की पहचान बाद में दीपू यादव पुत्र रमेशचंद, निवासी यादव मोहल्ला, छीपाबड़ौद के रूप में हुई। दीपू ने फरियादी पर मिर्ची (पेपर) स्प्रे छिड़का और चाकू दिखाकर उनके पैसे का बैग छीनने की कोशिश की। हालांकि, रविप्रकाश ने हिम्मत दिखाते हुए बैग वापस छीन लिया और शोर मचाया, जिसके बाद आरोपी भाग निकला।
Baran Robbery Attempt: पुलिस की कार्रवाई
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस अधीक्षक बारां, राज कुमार चौधरी के निर्देश पर तत्काल एक विशेष टीम का गठन किया गया। इस टीम का नेतृत्व अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक राजेश चौधरी और वृत्ताधिकारी पुष्पेंद्र आढा ने किया, जिसमें थानाधिकारी कल्याण सिंह भी शामिल थे। पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों, सीसीटीवी फुटेज, और मुखबिरों की सूचना के आधार पर रात में ही गश्त शुरू की। मेहनत और त्वरित कार्रवाई के परिणामस्वरूप, पुलिस ने मात्र 3 घंटे में आरोपी दीपू यादव को राधास्वामी स्कूल के पास से हिरासत में ले लिया। तलाशी के दौरान उसके पास से एक धारदार चाकू बरामद हुआ, जिसके आधार पर आर्म्स एक्ट की धारा 4/25 के तहत भी मामला दर्ज किया गया।
जांच में लगी पुलिस
पुलिस ने फरियादी की शिकायत पर थाना अटरू में प्रकरण संख्या 200/2025, धारा 309(5) बीएनएस के तहत मामला दर्ज किया। जांच के दौरान दीपू यादव (उम्र 26 वर्ष) को गिरफ्तार किया गया, जो छीपाबड़ौद के यादव मोहल्ले का निवासी है। पुलिस ने बताया कि दीपू से अन्य संभावित अपराधों के बारे में भी पूछताछ की जा रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि क्या वह अन्य घटनाओं में भी शामिल रहा है। इस त्वरित कार्रवाई ने न केवल अपराध को रोकने में मदद की, बल्कि स्थानीय लोगों में पुलिस के प्रति विश्वास को भी बढ़ाया।
सुमरन सिंह की रिपोर्ट
