bangladesh april 2026 elections : चुनावी रोडमैप पर प्रकाश डालते हुए, बांग्लादेश के अंतरिम सरकार के चीफ एडवाइजर मोहम्मद यूनुस ने शुक्रवार को घोषणा की कि देश में अगले आम चुनाव अप्रैल 2026 के पहले पखवाड़े में होंगे।
🗓️ चुनाव की संभावित तारीख और प्रक्रिया
मोहम्मद यूनुस ने ईद से एक दिन पहले राष्ट्र के नाम संबोधन में कहा:
“अगला आम चुनाव अप्रैल 2026 के पहले पखवाड़े में होगा। इसके लिए चुनाव आयोग बाद में विस्तार से एक रोडमैप पेश करेगा।”
उन्होंने यह भी बताया कि अगले साल तक चुनाव के लिए जरूरी सभी सुधार पूरे कर लिए जाएंगे। पिछले साल अगस्त में शेख हसीना के तख्तापलट के बाद मोहम्मद यूनुस को अंतरिम सरकार का चीफ एडवाइजर बनाया गया था।
🪖 सेना और विपक्ष का दबाव
इस साल की शुरुआत में यूनुस ने बताया था कि बांग्लादेश में 2025 के अंत या 2026 की पहली छमाही तक चुनाव कराए जा सकते हैं। हालांकि, सेना ने इस साल दिसंबर तक चुनाव कराने की मांग की थी।
बांग्लादेश के आर्मी चीफ जनरल वकार-उज-जमा ने 22 मई को सैन्य मुख्यालय में एक अधिकारियों को संबोधित करते हुए स्पष्ट कहा कि आम चुनाव इस साल दिसंबर से आगे नहीं टलने चाहिए। इसके अलावा आर्मी चीफ ने यूनुस की अगुवाई वाली अंतरिम सरकार को देश संवेदनशील राष्ट्रीय मुद्दों पर निर्णय नहीं लेने के लिए कहा था।
सेना से टकराव के बीच यूनुस के इस्तीफे देने की अटकलें भी शुरू हो गई थीं। हालांकि प्रमुख राजनीतिक दलों के साथ मीटिंग के बाद यूनुस ने इस्तीफा नहीं दिया।
🗳️ बांग्लादेश की चुनावी प्रक्रिया
बांग्लादेश में भारत की लोकसभा चुनाव जैसी ही चुनावी प्रक्रिया है। यहां संसद सदस्यों का चुनाव भारत की तरह ही फर्स्ट-पास्ट-द-पोस्ट प्रणाली के जरिए होता है। यानी जिस उम्मीदवार को एक वोट भी ज्यादा मिलेगा, वही जीतता है।
चुनाव परिणाम आने के बाद सबसे बड़ी पार्टी या गठबंधन के सांसद अपने नेता का चुनाव करते हैं और वही प्रधानमंत्री बनता है। राष्ट्रपति देश के प्रधानमंत्री पद की शपथ दिलाते हैं।
यहां की संसद में कुल 350 सीटें हैं। इनमें से 50 सीटें महिलाओं के लिए आरक्षित हैं। आरक्षित सीटों पर चुनाव नहीं होता, जबकि 300 सीटों के लिए हर पांच साल में आम चुनाव होते हैं। भारत की संसद में लोकसभा के अलावा राज्यसभा भी होती है, लेकिन बांग्लादेश की संसद में सिर्फ एक ही सदन है।
🔍 चुनावी सुधारों की आवश्यकता
यूनुस ने चुनावी सुधारों की आवश्यकता पर जोर देते हुए कहा कि चुनाव आयोग को पर्याप्त समय और संसाधन दिए जाने चाहिए ताकि वे आवश्यक सुधारों को लागू कर सकें और चुनावी प्रक्रिया को बेहतर बना सकें।
उन्होंने कहा, “यदि राजनीतिक सहमति बनती है और न्यूनतम सुधारों के साथ एक सटीक मतदाता सूची तैयार की जाती है, तो चुनाव 2025 के अंत तक हो सकते हैं। लेकिन यदि व्यापक सुधारों की आवश्यकता होती है, तो चुनाव 2026 की पहली छमाही तक टल सकते हैं।”
📅 संभावित चुनावी तारीखें
यूनुस ने संभावित चुनावी तारीखों के बारे में कहा:
“चुनाव की तारीखें 2025 के अंत या 2026 की पहली छमाही में तय की जा सकती हैं।”
उन्होंने यह भी बताया कि चुनाव आयोग पहले ही चुनावी प्रक्रिया की तैयारी शुरू कर चुका है और मतदाता सूची को अद्यतन करना एक महत्वपूर्ण कार्य है।
bangladesh april 2026 elections : जनता की प्रतिक्रिया
यूनुस ने कहा कि बांग्लादेश की जनता अभी भी अंतरिम सरकार को एक उचित समाधान मानती है और चुनावी प्रक्रिया में सुधार के लिए समय देने के पक्ष में है। उन्होंने कहा, “लोगों में जल्दबाजी नहीं है और वे मानते हैं कि अंतरिम सरकार अभी भी सबसे अच्छा समाधान है।”
बांग्लादेश में अप्रैल 2026 में होने वाले आम चुनाव देश की लोकतांत्रिक प्रक्रिया के लिए एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर साबित हो सकते हैं। चुनाव आयोग द्वारा आवश्यक सुधारों के साथ एक स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव की संभावना जताई जा रही है। हालांकि, राजनीतिक सहमति और सुधारों की गति चुनाव की तारीखों को प्रभावित कर सकती है।
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