पत्रकारों ने सौंपा ज्ञापन… कड़ी कार्रवाई की मांग
Journalist attack Mount Abu: बालोतरा में सिरोही जिले के माउंट आबू में पत्रकार हरिपाल सिंह पर हुए प्राणघातक हमले के विरोध में आईएफडब्ल्यूजे की जिला इकाई ने बुधवार को कलेक्ट्रेट में मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा। अतिरिक्त जिला कलेक्टर गुंजन सोनी को सौंपे गए ज्ञापन में पत्रकारों ने निलंबित कर्मचारियों द्वारा किए गए हमले को निंदनीय बताते हुए इसे लोकतंत्र के चौथे स्तंभ पर हमला करार दिया। उन्होंने कहा कि यह घटना अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता और लोकतांत्रिक मूल्यों पर सीधा आघात है… जिसके खिलाफ आमजन को भी साथ मिलकर लड़ाई लड़नी होगी।
हमले की पृष्ठभूमि और आरोपियों की करतूत
आईएफडब्ल्यूजे के जिलाध्यक्ष जितेंद्र सिंह खारवाल ने बताया कि पत्रकार हरिपाल सिंह समाचार कवरेज के लिए माउंट आबू नगरपालिका कार्यालय गए थे जहां निलंबित सफाई निरीक्षक श्याम जणवा, प्रवीण राजपुरोहित और सफाईकर्मी विक्रम चौहान ने मिलकर उन पर जानलेवा हमला किया। यह हमला पूर्व नियोजित और प्रतिशोधात्मक था, क्योंकि हरिपाल सिंह ने पहले इन कर्मचारियों की लापरवाही और सरकारी संसाधनों के दुरुपयोग की खबरें प्रकाशित की थीं… जिसके बाद विभागीय जांच में इन्हें निलंबित किया गया था।
बर्खास्तगी और कठोर कार्रवाई की मांग
पत्रकारों ने ज्ञापन में मांग की कि तीनों आरोपी कर्मचारियों को तत्काल गिरफ्तार कर सरकारी सेवा से बर्खास्त किया जाए। उन्होंने कहा कि बिना अनुमति मुख्यालय छोड़कर माउंट आबू पहुंचकर हमला करने वाले इन कर्मचारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जरूरी है। साथ ही पत्रकारों ने प्रदेश में पत्रकार सुरक्षा कानून लागू करने की मांग उठाई ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।
आंदोलन की चेतावनी
Journalist attack Mount Abu: आईएफडब्ल्यूजे के प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य भवदीप सिंह चारण और उपखंड अध्यक्ष अनिल वैष्णव ने चेतावनी दी कि यदि आरोपियों के खिलाफ त्वरित कार्रवाई नहीं हुई, तो संगठन पूरे राजस्थान में चरणबद्ध आंदोलन, विरोध प्रदर्शन और विधानसभा घेराव करने को बाध्य होगा। उन्होंने कहा कि ऐसी घटनाओं के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति अपनाई जानी चाहिए, और इसकी जिम्मेदारी राज्य सरकार की होगी।
पत्रकार समुदाय का एकजुट प्रदर्शन
Journalist attack Mount Abu: ज्ञापन सौंपने के दौरान बालोतरा के पत्रकारों ने एकजुटता दिखाई। इस अवसर पर भवदीप सिंह चारण, जितेंद्र सिंह खारवाल, अनिल वैष्णव, ओमप्रकाश प्रजापत, बंशी चौधरी, थानाराम माली, कांतिलाल ढेलड़िया, पंडित जितेंद्र कुमार दवे, सलीम पादरु, नसरुदीन छीपा, राजेंद्र बेनिवाल, रामस्वरूप माली, युवराज सिंह विक्टर, शंकरलाल माली, और रामलाल लोहार सहित कई पत्रकार और गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे। उन्होंने पत्रकारों की सुरक्षा और सम्मान के लिए एकजुट होकर संघर्ष करने का संकल्प लिया।
