रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कर्पूरीग्राम होगा आधुनिक स्टेशन!
रेल, सूचना तथा प्रसारण, और इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी के कैबिनेट मंत्री अश्विनी वैष्णव ने आज बिहार के समस्तीपुर मंडल में स्थित कर्पूरीग्राम स्टेशन के उन्नयन कार्य का शिलान्यास किया। उन्होंने और स्थानीय सांसदों ने श्री वैष्णव को स्वागत किया। यह मौके पर उन्होंने ‘दीघा ब्रिज हाल्ट’ का निरीक्षण कर इसके प्लेटफॉर्म सुविधा, सुरक्षा व्यवस्था, रोशनी और पेयजल की समीक्षा भी की।
वैष्णव ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि यात्रियों को बेहतर अनुभव मिल सके, इसके लिए सफाई तथा सुरक्षा पर विशेष ध्यान रखना होगा। इसके बाद उन्होंने ₹3.30 करोड़ की लागत से होने वाले स्टेशन उन्नयन कार्यों का शिलान्यास किया।
कर्पूरीग्राम स्टेशन अपग्रेड में क्या-क्या शामिल?
- स्टेशन भवन आधुनिकीकरण
- प्रतीक्षालय और शौचालय विशेष रूप से दिव्यांग यात्रियों के लिए आसान
- डिजिटल सूचना प्रणाली, जैसे LED डिस्प्ले और ट्रैकिंग स्क्रीन
- पेयजल सुविधा और स्वच्छता बुनियादी ढांचे का नवीनीकरण
- विशेष रैम्प सुविधा जो दिव्यांग और वृद्ध यात्रियों के लिए सहुलियत देगी
इन सुविधाओं का उद्घाटन रेल मंत्री ने स्टेशन पर किया, जिससे कि यात्रियों को आधुनिक परिवहन सुविधाएं मिल सकें।
अंडरग्राउंड सब-वे निर्माण की सौगात
रेल मंत्री ने कर्पूरीग्राम और खुदीराम बोस पूसा स्टेशनों के बीच सुपारी फाटक संख्या 59 ‘C’ के स्थान पर अंडरग्राउंड रेलवे सब-वे का भूमिपूजन किया। ₹14 करोड़ की इस परियोजना को पूरा होने पर न सिर्फ स्थानीय वाहनों को मार्ग मिलेगी, बल्कि ट्रेन संचालन में बाधा और दुर्घटना की संभावना भी कम होगी।

वैष्णव ने कहा कि ऐसा संरचनात्मक बदलाव न सिर्फ यातायात को सुगम बनाएगा बल्कि सामाजिक व आर्थिक विकास की गति भी तेज करेगा।
बिहार में रेलवे बजट: ₹1,000 करोड़ से ₹10,000 करोड़ तक
रेल मंत्री ने बताया कि केन्द्र सरकार ने बिहार के लिए रेल बजट को ₹1,000 करोड़ से बढ़ाकर अब ₹10,000 करोड़ तक विस्तारित किया है। उन्होंने कहा:
- पिछले 11 सालों में भारतीय रेलवे ने 35,000 किमी नई रेल लाइनें बिछाईं, जो पिछले सभी सरकारों के संयुक्त प्रयासों से कहीं ज़्यादा है।
- इन कार्यों का उद्देश्य ढांचागत सुधार के साथ-साथ स्थानीय अर्थव्यवस्था में मजबूती लाना है।
विकसित भारत में बिहार की भागीदारी
अश्विनी वैष्णव ने स्पष्ट किया कि बिहार को देश की विकास यात्रा में प्रमुख भूमिका मिलनी चाहिए। इसके लिए रेल नेटवर्क को आधुनिक बनाना जरूरी है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि अगले चरणों में और भी परियोजनाएँ कंपलीट की जाएंगी।
इस मौके पर राज्य मंत्री रामनाथ ठाकुर भी उपस्थित रहे। कार्यक्रम में स्थानीय सांसद, विधायक, रेलवे अधिकारी और बड़ी संख्या में नागरिक मौजूद थे।
क्यों विशेष है यह परियोजना?
- डिजिटल जानकारी: यात्रियों को डिजिटल सूचना प्रणाली से रीयल‑टाइम अपडेट मिलेगा
- दिव्यांग सुविधा: हर स्टेशन पर रैम्प और साफ‑सुथरे टॉयलेट की व्यवस्था
- ट्रैफिक कम होगा: अंडरग्राउंड सब‑वे पीक आवागमन में बाधा दूर करेगा
- स्थानीय विकास: रेलवे इंफ्रास्ट्रक्चर स्थानीय बाजार और रोजगार को बढ़ाएगा
- बजट वृद्धि: बिहार में रेल बजट का दस गुना बढ़ना संकेत करता है बड़े बदलाव का
उम्मीद की रफ्तार
बिहार की रेल नेटवर्क में यह परियोजना प्रतीक है आने वाले समय में रेल मंत्रालय द्वारा बड़े स्तर पर सुविधा विस्तार का। इससे ना सिर्फ यात्री अनुभव बेहतर होगा बल्कि बिहार के कई गांवों और कस्बों को जोड़ने में मदद मिलेगी।

कर्पूरीग्राम स्टेशन के आधुनिकीकरण, अंडरग्राउंड सब-वे स्थापन, और अद्यतन रेल बजट की घोषणा ने एक बार फिर आशा जगाई है कि आने वाले समय में बिहार रेल के मोर्चे पर देश में शीर्ष पर होगा। इस परियोजना की सफलता से ना सिर्फ आवागमन सुगम होगा, बल्कि स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी।
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