उत्तर प्रदेश

विकसित कृषि संकल्प अभियान: उत्तर प्रदेश में शुरू हुआ किसानों के लिए एक नया अध्याय

Viksit Krishi Sankalp Abhiyan: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आज लखनऊ के लोकभवन में विकसित कृषि संकल्प अभियान का शुभारंभ किया। यह अभियान भारत रत्न चौधरी चरण सिंह की पुण्य तिथि के अवसर पर शुरू किया गया है, जो देश के किसानों के लिए एक प्रेरणादायी व्यक्तित्व रहे हैं। यह अभियान 29 मई से 12 जून 2025 तक चलेगा और इसका उद्देश्य किसानों को आधुनिक खेती की तकनीकों से जोड़कर उनकी समृद्धि सुनिश्चित करना है। यह पहल विकसित भारत की अवधारणा को साकार करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।

वैज्ञानिक करेंगे किसानों से संवाद

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस अवसर पर कहा कि यह अभियान कई मायनों में ऐतिहासिक है। पहली बार कृषि वैज्ञानिक सीधे गांवों में जाकर किसानों से संवाद करेंगे और उन्हें नवीनतम कृषि तकनीकों की जानकारी देंगे।  Read More: CM Yogi Kanpur Visit: प्रधानमंत्री मोदी के कार्यक्रम को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने किया कानपुर का दौरा, अधिकारियों को दिए निर्देश

'लैब टू लैंड' की अवधारणा साकार 

इस अभियान के तहत किसानों को आधुनिक खेती के तरीके, उन्नत बीज, और नवाचारों से अवगत कराया जाएगा। उन्होंने कहा, "पिछले 11 वर्षों में देश में कृषि क्षेत्र में अभूतपूर्व बदलाव देखने को मिले हैं। न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) तय किया गया है, किसानों को बेहतर बीज और तकनीक उपलब्ध कराई जा रही है। यह अभियान 'लैब टू लैंड' की अवधारणा को साकार करेगा, जिससे खेती की तस्वीर बदलने में मदद मिलेगी।"

किसानों को देंगे योजनाओं की जानकारी

विकसित कृषि संकल्प अभियान का मुख्य उद्देश्य किसानों को आत्मनिर्भर और समृद्ध बनाना है। इसके तहत कृषि विभाग, उद्यान विभाग, पशुपालन विभाग, और अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी गांव-गांव जाकर किसानों को सरकारी योजनाओं की जानकारी देंगे और उनकी समस्याओं का त्वरित समाधान करेंगे। इस अभियान में कृषि वैज्ञानिक क्षेत्रीय जलवायु (क्लाइमेटिक जोन) का आकलन करेंगे, ताकि स्थानीय परिस्थितियों के अनुरूप खेती की तकनीकों को बढ़ावा दिया जा सके। इससे न केवल उत्पादन में वृद्धि होगी, बल्कि पर्यावरणीय संतुलन भी बना रहेगा।

Viksit Krishi Sankalp Abhiyan: डिजिटल तकनीक से जोड़ा जाएगा

मुख्यमंत्री ने जोर देकर कहा कि यह अभियान किसानों को वैज्ञानिक दृष्टिकोण अपनाने के लिए प्रेरित करेगा। उन्होंने बताया कि इस पहल के माध्यम से किसानों को डिजिटल तकनीक, जैविक खेती, और ड्रोन जैसी आधुनिक तकनीकों से जोड़ा जाएगा। इसके साथ ही, उन्नत बीजों और खादों के उपयोग को बढ़ावा दिया जाएगा, ताकि फसल की गुणवत्ता और उत्पादकता में सुधार हो।

ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मिलेगी मजबूती 

इस अभियान के तहत ग्रामीण क्षेत्रों में जागरूकता शिविर, प्रशिक्षण कार्यक्रम, और प्रदर्शनियां आयोजित की जाएंगी। किसानों को मृदा स्वास्थ्य, जल संरक्षण, और जैविक खेती जैसे विषयों पर प्रशिक्षित किया जाएगा। साथ ही, पशुपालन और बागवानी को बढ़ावा देने के लिए विशेष योजनाओं की जानकारी दी जाएगी। मुख्यमंत्री ने कहा, "यह अभियान न केवल किसानों की आय बढ़ाएगा, बल्कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी मजबूत करेगा।"