उत्तर प्रदेश

Bharat-Pak War Ballia Kisan: भारत-पाकिस्तान जंग के बीच अनूठी मिसाल, किसान ने जवानों के लिए दिया अनाज

Bharat-Pak War Ballia Kisan: 1962 में भारत के पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री द्वारा दिया गया नारा 'जय जवान, जय किसान' आज बागी बलिया की धरती पर साकार होता दिखा। एक किसान ने देश के जवानों के लिए अपने कंधों पर अन्न की बोरियां लादकर कलेक्ट्रेट पहुंचकर सभी को भावुक कर दिया। यह घटना उस समय सामने आई जब भारत-पाकिस्तान के बीच तनाव चरम पर है और भारतीय सेना ने आतंकवाद के खिलाफ निर्णायक कार्रवाई की है।

देश सेना के साथ

22 अप्रैल को जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले में 26 लोगों की शहादत ने पूरे देश को झकझोर दिया था। इसके बाद भारत सरकार ने अंतरराष्ट्रीय मंचों पर मुहिम चलाकर अपनी स्थिति मजबूत की और 7 मई की देर रात पाकिस्तान की जमीन पर आतंकी ठिकानों को नष्ट कर दिया। इस कार्रवाई में जल, थल और वायु सेना ने एकजुट होकर रणनीतिक हमला किया, जिसकी हर कोई सराहना कर रहा है। पाकिस्तान के साथ युद्ध की आशंकाओं के बीच पूरा देश अपनी सेना के साथ खड़ा है।

अनाज की बोरियां लेकर DM कार्यालय पहुंचे नवीन

इसी बीच, बलिया के पटखौली गांव के किसान नवीन राय ने देशभक्ति की अनूठी मिसाल पेश की। जैसे ही उन्हें पता चला कि भारत ने पाकिस्तान पर कार्रवाई की है, वे खुद को रोक नहीं पाए। नवीन अपने खेत से अनाज की बोरियां कंधे पर लादकर डीएम कार्यालय पहुंच गए। उन्होंने जिला अधिकारी को संबोधित एक पत्र सिटी मजिस्ट्रेट को सौंपा, जिसमें अनाज को जवानों तक पहुंचाने की अपील की। नवीन ने कहा, "इस देश का हर किसान जवानों के साथ है। मैं अपने खेत का सारा अनाज जवानों तक पहुंचाना चाहता हूं। अगर युद्ध हुआ, तो मैं कदम से कदम मिलाकर उनके साथ खड़ा रहूंगा।"

Bharat-Pak War Ballia Kisan: जवानों तक पहुंचाएं अनाज

किसान के इस जज्बे ने वहां मौजूद लोगों को जोश से भर दिया। सिटी मजिस्ट्रेट ने नवीन की पीठ थपथपाई और उनकी अपील को स्वीकार कर भारत सरकार तक पहुंचाने का आश्वासन दिया। बलिया, जो आजादी की लड़ाई में 'बागी बलिया' के नाम से मशहूर रहा, एक बार फिर देशभक्ति की मिसाल बन गया। नवीन राय की यह पहल हर देशवासी के लिए प्रेरणा बन गई है।