MSME मंत्रालय के प्रमुख सचिव सहित 3 अधिकारियों के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी
मध्य प्रदेश जबलपुर हाईकोर्ट ने पदोन्नति मामले में 90 दिनों फैसला न लेने के बाद दायर अवमानना याचिका पर एमएसएमई मंत्रालय के प्रमुख सचिव राघवेन्द्र सिंह सहित आयुक्त दिलीप कुमार सिंह और जिला उद्योग केंद्र रीवा के जनरल मैनेजर राहुल दुबे के खिलाफ 25-25 हजार रुपए का गिरफ्तारी वांरट जारी किया है।
25-25 हजार का गिरफ्तारी वारंट
मध्यप्रदेश हाईकोर्ट ने आदेश की अवमानना मामले पर सुनवाई करते हुए प्रमुख सचिव सहित अन्य 3 अधिकारियों के खिलाफ 25-25 हजार रुपए का गिरफ्तारी वांरट जारी किया है। अब मामले पर कोर्ट ने भोपाल और रीवा एसपी को भी वारंट तामील करवाने के आदेश दिए हैं।
भोपाल और रीवा पुलिस को निर्देश
आपको बता दें कोर्ट में जस्टिस विशाल मिश्रा की सिंगल बेंच ने भोपाल के साथ रीवा के पुलिस अधीक्षकों को वारंट तामील कराने के सख्त निर्देश दिए हैं।
क्या है पूरा मामला
बता दें कि रीवा के जिला उद्योग केंद्र में पदस्थ असिस्टेंट मैनेजर जयप्रकाश तिवारी की पदोन्नति को लेकर है। उनका प्रमोशन होना था। याचिकाकर्ता के अनुसार वह मैनेजर पद पर प्रमोशन पाने के वो पात्र थे पर विभाग की तरफ से इसे लेकर कोई निर्णय नहीं लिया जा रहा था। इसके बाद हाईकोर्ट ने 4 नवंबर 2024 को मामले में आदेश जारी कर संबंधित अधिकारियों को तीन महीने यानी 90 दिनों के अंदर प्रमोशन पर फैसला लेने के निर्देश दिए थे।
इनके खिलाफ गिरफ्तारी वारंट
आपको बता दें इस याचिका में एमएसएमई मंत्रालय के प्रमुख सचिव राघवेन्द्र सिंह , आयुक्त दिलीप कुमार सिंह और जिला उद्योग केंद्र रीवा के जनरल मैनेजर राहुल दुबे को पक्षकार बनाया गया।
नोटिस तामील, अदालत में नहीं हुए पेश
जानकारी के अनुसार सुनवाई के दौरान अदालत के सामने ये बात आई कि तीनों अधिकारियों को नोटिस विधिवत तामील हो चुके हैं, पर इसके बावजूद भी उनकी ओर से अदालत में कोई भी पेश नहीं हुआ। जिसके बाद हाईकोर्ट ने नाराजगी जताते हुए तीनों अधिकारियों के खिलाफ 25-25 हजार रुपए के जमानती वारंट जारी करने के आदेश जारी किए गए हैं।