इंदौर में तेज रफ्तार कार ने ड्यूटी पर तैनात दो आरक

इंदौर में ड्यूटी पर खड़े दो आरक्षकों को कार ने उड़ाया, आरोपी भी निकला पुलिसकर्मी

मध्य प्रदेश के इंदौर में देर रात बड़ा सड़क हादसा सामने आया है। राजेंद्र नगर थाना क्षेत्र में ड्यूटी पर तैनात दो आरक्षकों को तेज रफ्तार कार ने जोरदार टक्कर मार दी। हादसे का CCTV VIDEO भी सामने आया है, जिसमें दोनों पुलिसकर्मी हवा में उछलकर दूर गिरते दिखाई दे रहे हैं।

सबसे चौंकाने वाली बात यह रही कि कार चलाने वाला भी पुलिस विभाग का ही कर्मचारी निकला। पुलिस के मुताबिक आरोपी पुलिसकर्मी विजय चौहान नशे की हालत में कार चला रहा था। हादसे में एक आरक्षक की हालत गंभीर बताई जा रही है।

राजेंद्र नगर इलाके में हुआ हादसा

जानकारी के अनुसार शुक्रवार देर रात बीट बिजलपुर में आरक्षक प्रमोद त्यागी और भूरालाल जामले की ड्यूटी लगी थी। दोनों रात 10 बजे से सुबह 8 बजे तक गश्त पर थे।ड्यूटी के दौरान दोनों दुर्गानगर एबी रोड के पास बाइक के साथ सड़क किनारे खड़े थे। इसी दौरान पीछे से तेज रफ्तार स्विफ्ट कार आई और दोनों को टक्कर मार दी।

VIDEO में दिखा हादसे का खौफनाक मंजर

घटना का CCTV VIDEO सामने आया है। वीडियो में दिखाई दे रहा है कि एक आरक्षक बाइक पर बैठा है, जबकि दूसरा पास में खड़ा होकर बातचीत कर रहा है।तभी अचानक तेज रफ्तार कार आती है और दोनों को जोरदार टक्कर मार देती है। टक्कर इतनी तेज थी कि दोनों पुलिसकर्मी कई फीट दूर जा गिरे। हादसे के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई।

लोगों ने पहुंचाई मदद, अस्पताल में भर्ती

हादसे के तुरंत बाद आसपास के लोग मौके पर पहुंचे और दोनों घायलों को संभाला। सूचना मिलने पर पुलिस टीम भी पहुंची और घायल आरक्षकों को निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया।बताया जा रहा है कि आरक्षक भूरालाल जामले के सिर, पेट और पैरों में गंभीर चोटें आई हैं। उनकी हालत नाजुक बनी हुई है। वहीं प्रमोद त्यागी के पैरों में चोट आई है।

आरोपी पुलिसकर्मी नशे में मिला

पुलिस जांच में सामने आया कि कार डीआरपी लाइन में पदस्थ पुलिसकर्मी विजय चौहान चला रहा था। शुरुआती जांच में उसके नशे में होने की बात सामने आई है।घटना के बाद आरोपी को मौके से पकड़ लिया गया। मामले में आगे की कार्रवाई की जा रही है। पुलिस अब CCTV फुटेज और मेडिकल रिपोर्ट के आधार पर जांच आगे बढ़ा रही है।

सड़क सुरक्षा पर फिर उठे सवाल

इंदौर में सामने आए इस हादसे ने एक बार फिर सड़क सुरक्षा और शराब पीकर वाहन चलाने के मामलों पर सवाल खड़े कर दिए हैं। खास बात यह है कि इस बार हादसे का आरोपी खुद पुलिस विभाग का कर्मचारी निकला, जिससे विभागीय जिम्मेदारी और अनुशासन को लेकर भी चर्चा तेज हो गई है।