Raja Raghuvanshi Murder Case: सोनम को फिलहाल राहत, सुप्रीम कोर्ट ने जमानत पर रोक लगाने से किया इनकार
राजा रघुवंशी हनीमून मर्डर केस की मुख्य आरोपी सोनम रघुवंशी को फिलहाल सुप्रीम कोर्ट से राहत मिली है। शीर्ष अदालत ने उनकी जमानत पर तत्काल रोक लगाने से इनकार कर दिया है। हालांकि कोर्ट ने मेघालय सरकार की याचिका पर नोटिस जारी करते हुए हाईकोर्ट के फैसले पर प्रारंभिक सवाल भी उठाए हैं। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि चूंकि सोनम पहले ही जेल से रिहा हो चुकी हैं, इसलिए इस स्तर पर जमानत पर रोक लगाना उचित नहीं होगा।
मामले में 94 गवाह हैं और ट्रायल जारी
सुनवाई के दौरान मेघालय सरकार की ओर से सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने हाईकोर्ट के फैसले का विरोध किया। उन्होंने कहा कि यह एक सुनियोजित हत्या का गंभीर मामला है, जिसमें राजा रघुवंशी की हत्या कर शव को गहरी खाई में फेंका गया था। सरकार का दावा है कि हत्या की साजिश में सोनम समेत अन्य आरोपी शामिल थे और घटना के बाद वह फरार भी हो गई थीं। मामले में 94 गवाह हैं और ट्रायल जारी है।
आधार स्पष्ट रूप से बता दिए गए थे
सरकार ने सुप्रीम कोर्ट को बताया कि हाईकोर्ट ने गिरफ्तारी दस्तावेज में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 103(1) की जगह गलती से धारा 403(1) लिखे जाने को आधार बनाकर जमानत दे दी। सरकार के अनुसार यह केवल टाइपिंग की त्रुटि थी, क्योंकि आरोपी को गिरफ्तारी के समय हत्या के आरोप और उसके आधार स्पष्ट रूप से बता दिए गए थे।
700 से अधिक पन्नों की चार्जशीट दाखिल कर चुकी है
वहीं, सोनम की ओर से पेश वकील ने दलील दी कि गिरफ्तारी के आधार सही तरीके से नहीं बताए गए थे। उन्होंने कहा कि सोनम कड़ी शर्तों के साथ जमानत पर हैं और उन्हें शिलांग में ही रहना होगा, इसलिए उनके फरार होने की आशंका नहीं है।
गौरतलब है कि राजा रघुवंशी और सोनम की शादी मई 2025 में हुई थी। हनीमून के दौरान मेघालय में राजा की हत्या कर दी गई थी। पुलिस का आरोप है कि यह हत्या पहले से रची गई साजिश का हिस्सा थी, जिसमें सोनम और अन्य आरोपी शामिल थे। मामले में पुलिस 700 से अधिक पन्नों की चार्जशीट दाखिल कर चुकी है और ट्रायल जारी है।