जयपुर में बदला VIP कल्चर का संदेश? रेड सिग्नल पर रुका CM भजनलाल शर्मा का काफिला
राजस्थान की राजधानी जयपुर से हाल ही में मोमोज बेचने वाली एक युवती के झुलसने की घटना के बाद प्रदेश की राजनीति और प्रशासन में हलचल तेज हो गई है। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के काफिले के दौरान हुई इस घटना को लेकर विपक्ष और आम लोगों की ओर से लगातार सवाल उठाए जा रहे थे। बढ़ते जनाक्रोश के बीच अब राज्य सरकार ने न केवल घायल युवती के इलाज का पूरा खर्च उठाने का निर्णय लिया है, बल्कि मामले में आरोपी ट्रैफिक पुलिस कांस्टेबल के खिलाफ भी तत्काल कार्रवाई की है।
इसी बीच मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें उनका काफिला आम वाहनों की तरह रेड सिग्नल पर रुकता दिखाई दे रहा है। इसे सरकार की ओर से वीआईपी संस्कृति को लेकर दिए जा रहे संदेश के तौर पर देखा जा रहा है।
रेड सिग्नल पर रुका मुख्यमंत्री का काफिला
रविवार को मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा जोधपुर दौरे से लौटने के बाद जयपुर एयरपोर्ट से अपने सरकारी आवास जा रहे थे। एयरपोर्ट से आवास तक करीब 12 किलोमीटर के सफर के दौरान रास्ते में पड़ने वाले सभी रेड ट्रैफिक सिग्नलों पर उनका काफिला सामान्य वाहनों की तरह रुका।
बताया जा रहा है कि इस मार्ग में पांच से छह रेड सिग्नल पड़े, जहां मुख्यमंत्री का काफिला आम नागरिकों के बीच निर्धारित ट्रैफिक नियमों का पालन करता नजर आया। पूरे रास्ते कहीं भी यातायात को विशेष रूप से नहीं रोका गया और मुख्यमंत्री का काफिला सामान्य ट्रैफिक के साथ आगे बढ़ता रहा। इस घटनाक्रम का वीडियो सोशल मीडिया पर व्यापक रूप से साझा किया जा रहा है।
हालांकि, सोशल मीडिया पर कई लोगों ने यह भी प्रतिक्रिया दी कि यदि पहले से ही वीआईपी मूवमेंट के दौरान आम नागरिकों के साथ संवेदनशील रवैया अपनाया गया होता, तो मोमोज बेचने वाली युवती के साथ हुई दर्दनाक घटना शायद टाली जा सकती थी।
सरकार ने घायल युवती के इलाज की जिम्मेदारी ली
घटना को लेकर बढ़ते विरोध के बाद राजस्थान सरकार ने घोषणा की है कि झुलसी हुई युवती के इलाज का पूरा खर्च राज्य सरकार वहन करेगी। साथ ही, मामले में आरोपी ट्रैफिक पुलिस कांस्टेबल नरेंद्र के खिलाफ विभागीय कार्रवाई करते हुए उसे तत्काल प्रभाव से लाइन हाजिर कर दिया गया है।
क्या है पूरा मामला?
गौरतलब है कि 19 जून को मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के काफिले के गुजरने से पहले सड़क खाली कराई जा रही थी। इसी दौरान आरोप है कि ड्यूटी पर तैनात एक ट्रैफिक पुलिसकर्मी ने फुटपाथ पर मोमोज बेच रही युवती के ठेले पर रखे खौलते पानी के बर्तन को धक्का दे दिया। इसके चलते गर्म पानी युवती रेशू गुप्ता पर गिर गया और वह गंभीर रूप से झुलस गई।
घटना का वीडियो सामने आने के बाद यह मामला पूरे राजस्थान में चर्चा का विषय बन गया। इसके बाद सरकार पर कार्रवाई का दबाव बढ़ा, जिसके चलते प्रशासन ने आरोपी पुलिसकर्मी के खिलाफ कार्रवाई करते हुए घायल युवती के इलाज की जिम्मेदारी भी अपने हाथ में ले ली।