पंजाब कैबिनेट का बड़ा फैसला: स्कूलों की मनमानी फीस पर शिकंजा, खुलेंगी 3 डिजिटल यूनिवर्सिटी
चंडीगढ़: मुख्यमंत्री भगवंत मान की अध्यक्षता में हुई पंजाब मंत्रिमंडल की बैठक में शिक्षा, रोजगार, प्रशासन, पर्यावरण और ग्रामीण विकास से जुड़े कई महत्वपूर्ण फैसलों को मंजूरी दी गई। कैबिनेट ने निजी स्कूलों की मनमानी फीस पर रोक लगाने के लिए संशोधन विधेयक को मंजूरी दी। इसके अलावा तीन नई डिजिटल ओपन यूनिवर्सिटी की स्थापना, आउटसोर्स कर्मचारियों के लिए नई व्यवस्था और कई अन्य नीतिगत फैसले भी लिए गए।
स्कूलों की मनमानी फीस पर रोक
कैबिनेट ने पंजाब रेगुलेशन ऑफ फीस ऑफ अन-एडेड एजुकेशनल इंस्टीट्यूशंस (संशोधन) विधेयक-2026 को मंजूरी दी है। इसका उद्देश्य गैर-सहायता प्राप्त निजी स्कूलों द्वारा फीस में मनमानी और अवैध बढ़ोतरी पर रोक लगाना है। सरकार का कहना है कि इससे अभिभावकों पर पड़ने वाला अतिरिक्त आर्थिक बोझ कम होगा।
आउटसोर्स कर्मचारियों को राहत
पंजाब स्टेट आउटसोर्सड ट्रांजिशन टू कॉन्ट्रैक्चुअल एंगेजमेंट विधेयक-2026 के तहत लगातार पांच वर्ष सेवा देने वाले योग्य आउटसोर्स कर्मचारियों या जोखिम वाली श्रेणियों में तीन वर्ष की सेवा पूरी करने वाले कर्मचारियों को सीधे कॉन्ट्रैक्ट पर लाया जाएगा। कर्मचारियों को मिलने वाला वेतन न्यूनतम मजदूरी से कम नहीं होगा।
पशु चिकित्सा सेवाओं का विस्तार
राज्य के 582 पशु चिकित्सा अस्पतालों में कार्यरत 449 पशु चिकित्सा फार्मासिस्ट और 451 सफाई सेवकों की सेवाओं को 1 अप्रैल 2026 से 31 मार्च 2027 तक एक वर्ष के लिए बढ़ा दिया गया है। इससे पशुपालकों को स्वास्थ्य सेवाएं लगातार मिलती रहेंगी।
अमृतसर में नया ब्लॉक
कैबिनेट ने अमृतसर जिले के जंडियाला गुरु ब्लॉक से 64 ग्राम पंचायतों को अलग कर नया तरसिक्का ब्लॉक बनाने की मंजूरी दी है। सरकार का कहना है कि इससे संबंधित गांवों के विकास कार्यों में तेजी आएगी।
तीन नई डिजिटल ओपन यूनिवर्सिटी
राज्य में आधुनिक शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए पंजाब प्राइवेट डिजिटल ओपन यूनिवर्सिटीज पॉलिसी-2026 के तहत तीन नई डिजिटल ओपन यूनिवर्सिटी स्थापित की जाएंगी। इनमें होशियारपुर के बोहण में क्लाउड यूनिवर्सिटी, पटियाला के फतेहपुर में एम.एस. डिजिटल यूनिवर्सिटी और नंदपुर केशो में फिजिक्सवाला डिजिटल यूनिवर्सिटी शामिल हैं।
पीडब्ल्यूडी में भर्ती को मंजूरी
लोक निर्माण विभाग में ड्राफ्ट्समैन (सिविल) के 19 रिक्त पदों पर सीधी भर्ती की मंजूरी दी गई है। इससे विभाग की तकनीकी क्षमता बढ़ेगी और विकास परियोजनाओं को समय पर पूरा करने में मदद मिलेगी। कैबिनेट ने पंजाब प्रोटेक्शन ऑफ ट्रीज विधेयक-2026 को भी मंजूरी दी है। इसका उद्देश्य पर्यावरण संरक्षण, हरित क्षेत्र बढ़ाना और पेड़ों की कटाई से होने वाले नुकसान की भरपाई के लिए प्रभावी व्यवस्था तैयार करना है। सरकार ने वर्ष 2030 तक राज्य में वन और वृक्ष क्षेत्र को 7.5 प्रतिशत तक बढ़ाने का लक्ष्य रखा है।
जीएसटी कानून में संशोधन
व्यापार और उद्योग को राहत देने के लिए पंजाब वस्तु एवं सेवा कर (संशोधन) विधेयक-2026 में बदलाव को मंजूरी दी गई है। इससे बिक्री के बाद मिलने वाली छूट, क्रेडिट नोट, आईटीसी रिफंड और निर्यात से जुड़े नियमों को सरल बनाया जाएगा।
पंचायत व्यवस्था में बदलाव
कैबिनेट ने पंजाब पंचायती राज अधिनियम-1994 में संशोधन को भी मंजूरी दी है। इसके तहत पंचायत सचिव और ग्राम सेवक के पदों का विलय कर नया पद पंचायत विकास सचिव बनाया जाएगा। सरकार का कहना है कि इससे ग्रामीण विकास विभाग का कामकाज अधिक प्रभावी और सुव्यवस्थित होगा।