MP को मिले 8 हजार 635 करोड़ के निवेश प्रस्ताव, 5 हजार 700 से ज्यादा लोगों को मिलेगा रोजगार
मध्यप्रदेश में निवेश आकर्षित करने की कोशिशों को बड़ी सफलता मिली है। अहमदाबाद में आयोजित मेगा निवेश संवाद के दौरान प्रदेश को विभिन्न क्षेत्रों में 8,635 करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव मिले हैं। इन प्रस्तावों के जरिए 5,785 से अधिक रोजगार के अवसर पैदा होने की संभावना है। निवेश संवाद में अहमदाबाद, सूरत, भावनगर, राजकोट और वडोदरा समेत गुजरात के प्रमुख औद्योगिक केंद्रों से 500 से ज्यादा उद्योगपतियों, निवेशकों और कॉर्पोरेट प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया।
सीएम डॉ यादव ने निवेशकों को दिया खुला न्योता
12 अगस्त को आयोजित ‘इंटरैक्टिव सेशन ऑन इन्वेस्टमेंट अपॉर्च्युनिटीज इन मध्यप्रदेश’ में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने उद्योग जगत को प्रदेश में निवेश के लिए आमंत्रित किया। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश व्यापार, नई औद्योगिक इकाइयों की स्थापना, विस्तार और बिजनेस एक्सटेंशन के लिए असीम संभावनाओं वाला राज्य है।
मुख्यमंत्री ने निवेशकों को भरोसा दिलाया कि सरकार उन्हें हर संभव सुविधा, सुरक्षा और सहयोग उपलब्ध कराएगी। उन्होंने कहा कि उद्योग संचालन के लिए ठोस नीति, नेक नीयत और सहयोगी सरकार जरूरी है और मध्यप्रदेश में ये तीनों मौजूद हैं। मुख्यमंत्री ने गुजरात के उद्योगपतियों को ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट-2027 के लिए भी आमंत्रित किया।
जमीन, बिजली और पानी की नहीं होगी चिंता
CM डॉ. यादव ने कहा कि प्रदेश में निवेशकों को जमीन, बिजली और पानी की चिंता करने की जरूरत नहीं है। करीब 19 हजार एकड़ में 48 नए इंडस्ट्रियल पार्क विकसित किए जा रहे हैं। औद्योगिक भूमि रियायती दरों पर लीज पर उपलब्ध है और पर्याप्त वाटर बैंक के साथ सरप्लस बिजली की उपलब्धता है। प्रदेश में प्लग एंड प्ले जोन भी विकसित किए जा रहे हैं।
सरकार के सिंगल विंडो सिस्टम को ‘समस्याओं का अंत, सेवा तुरंत’ बताते हुए उन्होंने कहा कि निवेश से जुड़ी बाधाओं का समाधान एक ही डिजिटल प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध है।
गुजरात और एमपी मिलकर लिखेंगे औद्योगिक विकास की नई कहानी
मुख्यमंत्री ने मध्यप्रदेश और गुजरात को ‘जुड़वा भाई’ बताते हुए कहा कि गुजरात के पास तकनीक, व्यापार और औद्योगिक अनुभव है, जबकि मध्यप्रदेश के पास पर्याप्त जल, लैंड बैंक और देश के मध्य में होने का लॉजिस्टिक्स एडवांटेज है। दोनों राज्यों की खूबियों का मेल औद्योगिक विकास को नई ऊंचाई दे सकता है।
उन्होंने बताया कि पेट्रोकेमिकल, केमिकल, टेक्सटाइल, फार्मा, फूड प्रोसेसिंग और ऑटोमोबाइल सेक्टर में गुजरात के निवेशकों के लिए मध्यप्रदेश में व्यापक अवसर हैं। पिछले ढाई वर्षों में प्रदेश को 34 लाख करोड़ रुपये से अधिक के निवेश प्रस्ताव मिले हैं, जिनमें से 10 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा के प्रस्ताव धरातल पर उतर चुके हैं।
8,635 करोड़ के प्रस्तावों से हजारों रोजगार
निवेश संवाद में सामने आए प्रमुख प्रस्तावों में गोल्डक्रेस्ट सीमेंट के 3,000 करोड़ रुपये, एजियोस पॉलीफिल्म्स के 2,500 करोड़ रुपये और गुजरात अंबुजा एक्सपोर्ट्स के 1,200 करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव शामिल हैं। इनके अलावा फार्मास्युटिकल्स, टेक्सटाइल, इंजीनियरिंग, केमिकल, पैकेजिंग, फूड प्रोसेसिंग तथा एयरोस्पेस एवं डिफेंस क्षेत्रों में भी निवेश प्रस्ताव मिले हैं।
इन प्रस्तावों में गोल्डक्रेस्ट सीमेंट से 1,500, एजियोस पॉलीफिल्म्स से 1,000 और गुजरात अंबुजा एक्सपोर्ट्स से 500 रोजगार मिलने की संभावना जताई गई है। अन्य प्रस्तावों को मिलाकर कुल 8,635 करोड़ रुपये का निवेश और 5,785 रोजगार सृजित होने की संभावना है।
आईटी, पर्यटन और ऊर्जा में भी बड़े अवसर
अधिकारियों ने निवेशकों को बताया कि मध्यप्रदेश में आईटी, स्पेस टेक, ड्रोन, सेमीकंडक्टर, पर्यटन और नवीकरणीय ऊर्जा जैसे क्षेत्रों में भी व्यापक संभावनाएं हैं। इंदौर, भोपाल, ग्वालियर और जबलपुर में आईटी कंपनियों के लिए बेहतर सुविधाएं उपलब्ध हैं। सरकार स्पेस टेक पार्क और भोपाल में ड्रोन मैन्युफैक्चरिंग एवं टेस्टिंग इंफ्रास्ट्रक्चर विकसित करने पर भी काम कर रही है।
मुख्यमंत्री डॉ यादव ने निवेश संवाद के दौरान प्रमुख उद्योग समूहों के साथ 15 से अधिक वन-टू-वन बैठकें भी कीं। इनमें निवेश, औद्योगिक विस्तार और विभिन्न सेक्टर में उपलब्ध अवसरों पर चर्चा हुई।