एमपी में बारिश का दौर जारी, 50 जिलों में अलर्ट; खरगोन में आकाशीय बिजली से 2 की मौत, बैतूल में नदी में बहे दो लोगों के शव
भोपाल।मध्य प्रदेश में मानसून की गतिविधियां जारी हैं। मंगलवार सुबह से भोपाल, सीहोर, पांढुर्णा समेत कई जिलों में मौसम बदला हुआ है। पांढुर्णा में सोमवार रात से रुक-रुककर बारिश हो रही है। सुबह मुंगणापार-मोहगांव मार्ग पर बारिश के कारण एक पेड़ बिजली के तार तोड़ते हुए सड़क पर गिर गया, जिससे यातायात प्रभावित हुआ और आसपास के आठ गांवों की बिजली आपूर्ति बाधित हो गई।
दोनों की रातभर तलाश की गई थी
बारिश के बीच प्रदेश में हादसों की भी खबरें सामने आई हैं। खरगोन जिले में दो अलग-अलग घटनाओं में आकाशीय बिजली गिरने से मजदूर राधेश्याम (30) और गृहिणी केनू (30) की मौत हो गई। वहीं, बैतूल जिले के चिचोली क्षेत्र में उफनाई चंपा नदी में सोमवार रात बाइक समेत बह गए राजेश बिहारे और दद्दू धुर्वे के शव मंगलवार सुबह रपटे से करीब एक किलोमीटर दूर झाड़ियों में मिले। दोनों की रातभर तलाश की गई थी।
प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की भी संभावना
मौसम विभाग ने बैतूल, छिंदवाड़ा, पांढुर्णा, सिवनी और बालाघाट में अगले 24 घंटों के दौरान भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। इन जिलों में चार इंच तक बारिश होने की संभावना जताई गई है। इसके अलावा भोपाल, रायसेन, सीहोर, विदिशा, इंदौर, उज्जैन, देवास, नर्मदापुरम, जबलपुर, रीवा, सतना, शहडोल, सागर सहित कुल 50 जिलों में बारिश की चेतावनी जारी की गई है। कई इलाकों में 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की भी संभावना है।
15 जिलों में इसकी आधिकारिक एंट्री हो चुकी
मौसम विभाग के अनुसार, प्रदेश में 24 जून को मानसून ने दस्तक दी थी और अब तक 15 जिलों में इसकी आधिकारिक एंट्री हो चुकी है। हालांकि इसके बाद मानसून की रफ्तार धीमी पड़ गई, जिससे कई इलाकों में उमस और गर्मी बनी रही। पिछले छह दिनों में हुई बारिश से प्रदेश के वर्षा आंकड़ों में सुधार जरूर हुआ है, लेकिन 1 जून से अब तक सामान्य के मुकाबले लगभग 39 प्रतिशत कम बारिश दर्ज की गई है। मौसम विभाग ने लोगों से खराब मौसम के दौरान सतर्क रहने और बिजली गिरने व जलभराव वाले क्षेत्रों से दूर रहने की अपील की है।