मध्यप्रदेश सरकार ने नीमच और शाजापुर में कुल 950 मे

सीएम डॉ. मोहन यादव कर रहे सपने साकार, एमपी को मिली 2080 करोड़ के 500MW और 450MW के सोलर पार्क की सौगात

सीएम डॉ. मोहन यादव कर रहे सपने साकार, एमपी को मिली 2080 करोड़ के 500MW और 450MW के सोलर पार्क की सौगात

मध्यप्रदेश ने हरित ऊर्जा के क्षेत्र में एक और बड़ा कदम बढ़ाते हुए 29 जून को 2080 करोड़ रुपये की लागत से तैयार सोलर पार्क परियोजनाओं की सौगात हासिल की। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और केंद्रीय नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा मंत्री प्रह्लाद जोशी की मौजूदगी में नीमच में 500 मेगावॉट क्षमता के नीमच सोलर पार्क और शाजापुर में 450 मेगावॉट क्षमता की परियोजना का लोकार्पण किया गया।

इस अवसर पर राज्य सरकार ने इसे “हरित विकास, निवेश और रोजगार” की दिशा में ऐतिहासिक उपलब्धि बताया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि नीमच सोलर पार्क से 2.14 रुपये प्रति यूनिट की दर पर बिजली उपलब्ध होगी, जो देश में अब तक की सबसे सस्ती दर मानी जा रही है। उन्होंने इसे ऊर्जा आत्मनिर्भरता की दिशा में बड़ा कदम बताया।

कार्यक्रम में सहभागिता करते हुए सीएम डॉ मोहन यादव

नीमच में 1553 करोड़ के विकास कार्यों की सौगात

कार्यक्रम के दौरान नीमच जिले में 1553.98 करोड़ रुपये की 38 औद्योगिक इकाइयों और विकास परियोजनाओं का लोकार्पण एवं भूमि-पूजन भी किया गया। इसके साथ ही करीब 160 करोड़ रुपये की लागत से 98 अन्य विकास कार्यों की शुरुआत भी की गई।

सरकार का दावा है कि इन परियोजनाओं से स्थानीय स्तर पर रोजगार के हजारों अवसर पैदा होंगे।

हरित विकास पर सरकार का फोकस

मुख्यमंत्री ने कहा कि मध्यप्रदेश अब स्वच्छ, सस्ती और टिकाऊ ऊर्जा का अग्रणी राज्य बनने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है। उन्होंने बताया कि नीमच, मंदसौर, रतलाम और उज्जैन जैसे क्षेत्र नए औद्योगिक ग्रोथ इंजन बन रहे हैं।

उन्होंने यह भी कहा कि नीमच अब “ग्रीन पावर सेक्टर का ग्लोबल कैपिटल” बनने की ओर अग्रसर है।

कृषि और रोजगार पर भी जोर

मुख्यमंत्री ने दावा किया कि प्रदेश ने गेहूं खरीदी में पंजाब को पीछे छोड़ दिया है और किसानों को 2625 रुपये प्रति क्विंटल का भुगतान किया गया है। उन्होंने बताया कि किसानों को दिन में बिजली, शून्य ब्याज पर ऋण और लचीली पुनर्भुगतान व्यवस्था जैसी सुविधाएं दी जा रही हैं।

लाड़ली बहना और जनकल्याण योजनाएं

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश की 1.25 करोड़ लाड़ली बहनों को हर महीने 1500 रुपये दिए जा रहे हैं। इसके अलावा एयर एंबुलेंस सेवा, राहवीर योजना, गीता भवन निर्माण और वृंदावन गांव योजना जैसी कई जनकल्याणकारी योजनाएं भी चल रही हैं। सरकार के अनुसार पिछले ढाई वर्षों में 33 लाख करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव मिले हैं, जिनमें से 10 लाख करोड़ रुपये की परियोजनाएं जमीन पर उतर चुकी हैं। इससे हजारों रोजगार सृजित होने का दावा किया गया है।

नीमच बनेगा औद्योगिक और ग्रीन एनर्जी हब

मुख्यमंत्री ने कहा कि नीमच अब केवल कृषि या अफीम उत्पादन के लिए नहीं, बल्कि सौर ऊर्जा, टेक्सटाइल, फूड प्रोसेसिंग और विनिर्माण का बड़ा केंद्र बनने जा रहा है। यहां 1200 करोड़ रुपये की सोलर ग्लास मैन्युफैक्चरिंग यूनिट का भी भूमि-पूजन किया गया है।