Gold and silver prices : भारत में सोना और चांदी की

सोना - चांदी की कीमतें लगातार तीसरे दिन गिरीं

सोना - चांदी की कीमतें लगातार तीसरे दिन गिरीं

Gold and silver prices : भारत में सोना और चांदी की कीमतों में मंगलवार को लगातार तीसरे दिन गिरावट देखने को मिली। घरेलू बाजार में इन कीमती धातुओं का भाव तेजी से गिरने के साथ ही यह भी MCX पर भी गोल्ड-सिल्वर रेट कमी देखने को मिली है। विगत माह में सोने के आयात में 21 फीसदी बढ़कर 41.23 बिलियन डॉलर के स्तर पर पहुंच गया जिससे देश का व्यापार घाटा रिकॉर्ड 41.68 बिलियन डॉलर पर पहुंच गया। 

अमेरिकी फेडरल रिजर्व की ओर से दिसंबर में रेट कट की उम्मीदें कम होने के साथ ही डॉलर के मजबूत होने से कीमती धातुओं पर भारी दबाव देखा गया है। एक ओर जहां मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज पर 24 कैरेट गोल्ड का रेट करीब 1000 रुपये तक कम हो गया तो वहीं चांदी की कीमत में 1500 रुपये प्रति किलो गिरावट दर्ज की गई। एमसीएक्स पर दिसंबर गोल्ड फ्यूचर्स 1.47 फीसदी गिरकर 1.21 लाख रुपये प्रति 10 ग्राम पर पहुंच गए।

चांदी की दिसंबर फ्यूचर्स की कीमतों में भी 2.36 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई और कीमत 1.51 लाख रुपये प्रति किलो पर आ गई। मार्च 2026 का कॉन्ट्रैक्ट भी 1.54 लाख रुपये प्रति किलो पर फिसल गया। विश्लेषकों का कहना है कि रेट कट की घटती संभावनाओं और डॉलर इंडेक्स के मजबूत रुख ने निवेशकों की भावनाओं को कमजोर किया है। 

सोने - चांदी की कीमत में गिरावट का कारण बाजार की..

सोने - चांदी की कीमत में गिरावट का कारण बाजार की अस्थिरता को माना जा रहा है। अंतरराष्ट्रीय बाजारों में भी इसी तरह का रुख देखने को मिला है। कॉमेक्स गोल्ड दिसंबर कॉन्ट्रैक्ट 1.60 प्रतिशत गिरकर 4009.5 डॉलर प्रति औंस पर आ गया जो लगातार चौथे दिन की गिरावट है। पिछले चार सत्रों में सोना 204 डॉलर गिर चुका है। COMEX पर चांदी सोमवार के 50.71 डॉलर प्रति औंस से फिसलकर 49.50 डॉलर पर पहुंच गई। 

सर्राफा बाजार के विशेषज्ञों ने कहा कि पिछले छह हफ्तों से कोई बड़ा आर्थिक डेटा न आने और फेड अधिकारियों के हालिया सख्त बयानों ने रेट कट की उम्मीदों को और कमजोर किया है। फेड वाइस चेयर फिलिप जेफरसन ने नीति में ढील के मामले में धीमी और सावधान रणनीति अपनाने की सलाह दी है।

भारत का गोल्ड इम्पोर्ट अक्टूबर में लगभग तीन गुना बढ़कर 14.72 बिलियन डॉलर पहुंच गया। अप्रैल से अक्टूबर के बीच कुल इम्पोर्ट 21 फीसदी बढ़कर 41.23 बिलियन डॉलर हो गया जिससे देश का व्यापार घाटा रिकॉर्ड 41.68 बिलियन डॉलर पर पहुंच गया। आईबीजेए की उपाध्यक्ष अक्ष ए कंबोज ने कहा कि त्योहार और शादी के सीजन के बाद अब बाजार मांग के सामान्य होने के चरण में है और यह गिरावट निवेशकों के लिए धीरे-धीरे खरीदारी का मौका हो सकती है।

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