छिंदवाड़ा में एक ऑटो पार्ट्स कारोबारी ने बैंक लूटन

3.5 करोड़ के कर्ज ने कारोबारी को बनाया बैंक लुटेरा, 34 घंटे तक लॉकर काटता रहा

मध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा में बैंक लूट की एक हैरान कर देने वाली कोशिश सामने आई है। ऑटो पार्ट्स कारोबारी चंद्र प्रकाश लोखंडे ने करीब 3.5 करोड़ रुपये के कर्ज से छुटकारा पाने के लिए बैंक लूटने की योजना बनाई। पुलिस के अनुसार, उसने पहले बैंक की रेकी की और फिर लगातार तीन दिन की छुट्टियों का फायदा उठाते हुए शुक्रवार रात बैंक ऑफ इंडिया की शाखा में घुस गया। वह करीब 34 घंटे तक बैंक के अंदर छिपकर गैस कटर, हथौड़ी और छेनी की मदद से लॉकर और स्ट्रॉन्ग रूम तोड़ने की कोशिश करता रहा।

आरोपी को मौके पर ही दबोच लिया

शनिवार सुबह स्थानीय लोगों ने बैंक का शटर कटा देखा और पुलिस को सूचना दी। पुलिस और बैंक प्रबंधन मौके पर पहुंचे। जैसे ही पुलिस बैंक के अंदर दाखिल हुई, आरोपी ने दहशत फैलाने के लिए सुतली बम में आग लगाकर धमाका कर दिया। इसके बाद उसने भागने की कोशिश की और सब-इंस्पेक्टर नारायण बघेल पर नुकीले हथियार से हमला भी किया, जिससे वे घायल हो गए। बावजूद इसके, उन्होंने साहस दिखाते हुए आरोपी को मौके पर ही दबोच लिया।

घायल पुलिस कर्मी

आत्महत्या करने की तैयारी में था

जांच में सामने आया कि आरोपी अपने साथ गैस कटर, लोहे काटने के उपकरण, पेट्रोल और सुतली बम लेकर आया था। फोरेंसिक टीम को बैंक के रिकॉर्ड सेक्शन में आग लगाने के भी सबूत मिले हैं। पुलिस का मानना है कि पकड़े जाने की स्थिति में वह बैंक में आग लगाकर सबूत मिटाने या आत्महत्या करने की तैयारी में था।

संभावित जान-माल के नुकसान को टाल दिया

पूछताछ में आरोपी ने बताया कि उस पर 3.5 करोड़ रुपये से अधिक का कर्ज था, जबकि पुलिस जांच में यह राशि करीब 4 करोड़ रुपये तक बताई जा रही है। बैंक में उसका खाता होने के कारण वह पहले कई बार शाखा का निरीक्षण कर चुका था और सुरक्षा व्यवस्था की पूरी जानकारी जुटा ली थी।

फिलहाल पुलिस आरोपी के वित्तीय लेनदेन, कर्ज और पूरे घटनाक्रम की गहन जांच कर रही है। समय रहते कार्रवाई होने से बैंक में बड़ी लूट और संभावित जान-माल के नुकसान को टाल दिया गया।