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मन की बात का 127वां एपिसोड, पीएम ने की स्वदेशी कुत्तों को पालने की अपील

Man ki Baat: इस रविवार देशवासी ‘मन की बात’ के 127वें एपिसोड में नरेंद्र मोदी ने देशवासियों से सीधा संवाद किया। कार्यक्रम के आरंभ में छठ पूजा की हार्दिक शुभकामनाएं देते हुए उन्होंने इस त्योहारी पर्व में भाग लेने और इसे सामाजिक सौहार्द तथा स्वच्छता के प्रतीक के रूप में मनाने की अपील की.

GST बचत उत्सव

प्रधानमंत्री ने कहा कि इस साल त्योहारों के अवसर पर GST बचत उत्सव को लेकर देश में उत्साह देखने को मिला है। उन्होंने बाजारों में स्वदेशी वस्तुओं की खरीदारी में “जबरदस्त वृद्धि” का जिक्र किया और कहा कि जब हम वोकल फॉर लोकल को अपने क्रय-चयन का हिस्सा बना लेते हैं, तो न सिर्फ एक वस्तु­लेखन बदलता है बल्कि देश की अर्थव्यवस्था, छोटे-हुनर वाले उद्यमी और स्थानीय उद्योग भी लाभान्वित होते हैं।   उपभोक्ताओं की उत्साही भागीदारी को देखते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि त्योहारों का आनंद सिर्फ खरीद-फरोख्त तक सीमित नहीं है। उन्होंने स्वच्छता, पारंपरिक उद्योगों की सक्रियता, तथा त्योहारों के माध्यम से सामाजिक चेतना बढ़ाने की बात भी रखी। इस अवसर पर उन्होंने उत्सवों के दौरान बाजार-सफाई, मोहल्ला-सफाई, और सामाजिक जिम्मेदारी का भी आह्वान किया

Man ki Baat: राष्ट्रगीत की 150वीं वर्षगांठ

प्रधानमंत्री ने आगे बताया कि आगामी 7 नवंबर को देश के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है, क्योंकि उसी दिन हमारे प्रसिद्ध राष्ट्रगीत “वन्दे मातरम्” की 150वीं वर्षगांठ पूरी हो रही है। उन्होंने सभी नागरिकों से इसे यादगार बनाने की अपील की और राष्ट्र-भावना के साथ इसे मनाने का आग्रह किया।

सरदार वल्लभभाई पटेल की 150वीं जयंती

प्रधानमंत्री ने कहा कि इस वर्ष हम सरदार पटेल की 150वीं जयंती भी मना रहे हैं — एक ऐसे शख्सियत की, जिन्होंने देश की अखंडता और एकता के लिए अपना जीवन समर्पित किया। उन्होंने युवाओं से प्रेरणा लेने के लिए कहा और टीम-भाव, सेवा-भाव तथा देशप्रेम के मूल्यों को फिर से आत्मसात करने का संकल्प लिया

बेंगलुरु इंजीनियर, छत्तीसगढ़ का गार्बेज कैफे

कार्यक्रम में पीएम मोदी ने कुछ प्रेरक कहानियों का उल्लेख भी किया। उन्होंने बेंगलुरु के एक इंजीनियर की प्रशंसा की जिन्होंने मैंग्रोव को बढ़ावा देने का कार्य किया। साथ ही छत्तीसगढ़ के ‘गार्बेज कैफे’ को भी उदाहरण के रूप में प्रस्तुत किया — जहां स्वच्छता, पुनर्चक्रण, सामुदायिक दृष्टिकोण और नवोन्मेष का संयोजन देखा गया। इस तरह की कहानियों को प्रधानमंत्री ने यह दिखाने के लिए उठाया कि सामाजिक बदलाव के लिए बड़े-बड़े संस्थानों नहीं बल्कि छोटे-छोटे व्यक्तिगत अथवा सामुदायिक प्रयास मायने रखते हैं

भारतीय कुत्तों को अपनाने की अपील

Man ki Baat: इसके अतिरिक्त उन्होंने भारतीय नस्ल के कुत्तों को अपनाने की अपील की। उन्होंने मैंग्रोव क्षेत्र को बचाने व बढ़ावा देने की ओर भी ध्यान खींचा।