'बम-बम भोले' के जयकारों के साथ अमरनाथ यात्रा शुरू: जम्मू से रवाना हुआ पहला जत्था, 4 लाख श्रद्धालुओं ने कराया रजिस्ट्रेशन
बाबा बर्फानी के पवित्र दर्शन के लिए बहुप्रतीक्षित अमरनाथ यात्रा 2026 का गुरुवार को विधिवत शुभारंभ हो गया। जम्मू के भगवती नगर यात्री निवास से सुबह 4 बजे पहला जत्था 'बम-बम भोले' और 'हर-हर महादेव' के जयकारों के बीच रवाना हुआ। उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने श्रद्धालुओं को हरी झंडी दिखाकर यात्रा की शुरुआत कराई। इस बार यात्रा 57 दिनों तक चलेगी और सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए हैं।
सुबह 4 बजे रवाना हुआ पहला जत्था
गुरुवार तड़के जम्मू के भगवती नगर बेस कैंप से श्रद्धालुओं का पहला जत्था अमरनाथ गुफा के लिए रवाना हुआ। यात्रा शुरू होने से पहले पूरे परिसर में 'बम-बम भोले' और 'हर-हर महादेव' के जयकारों से माहौल भक्तिमय हो गया। श्रद्धालु बाबा बर्फानी के दर्शन के लिए उत्साह के साथ रवाना हुए।
LG मनोज सिन्हा ने दिखाई हरी झंडी
जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने पहले जत्थे को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। उन्होंने श्रद्धालुओं को शुभकामनाएं देते हुए सुरक्षित और सफल यात्रा की कामना की। बुधवार को उन्होंने बेस कैंप पहुंचकर सुरक्षा, स्वास्थ्य सेवाओं, बिजली, पानी, ठहरने की व्यवस्था और हेल्प डेस्क सहित सभी तैयारियों का जायजा भी लिया था।
सिर्फ रजिस्टर्ड श्रद्धालुओं को मिली अनुमति
पहले जत्थे में केवल उन्हीं श्रद्धालुओं को शामिल किया गया, जिन्होंने पहले से ऑनलाइन या ऑफलाइन रजिस्ट्रेशन कराया था। इसके अलावा सभी यात्रियों के लिए RFID कार्ड और ई-केवाईसी अनिवार्य किया गया है। प्रशासन का कहना है कि इससे यात्रा को अधिक सुरक्षित और व्यवस्थित बनाया जा सकेगा।
57 दिन चलेगी यात्रा, दो मार्गों से होंगे बाबा के दर्शन
इस वर्ष अमरनाथ यात्रा 3 जुलाई से 28 अगस्त (रक्षाबंधन) तक चलेगी। श्रद्धालु पारंपरिक पहलगाम मार्ग और छोटे लेकिन कठिन बालटाल मार्ग दोनों रास्तों से बाबा बर्फानी के दर्शन कर सकेंगे। प्रशासन ने दोनों मार्गों पर मेडिकल कैंप, लंगर, सुरक्षा और आपातकालीन सेवाओं की व्यवस्था की है।
4 लाख श्रद्धालु करा चुके हैं रजिस्ट्रेशन
प्रशासन के अनुसार इस वर्ष अब तक करीब 4 लाख श्रद्धालु अमरनाथ यात्रा के लिए पंजीकरण करा चुके हैं। बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के आने की संभावना को देखते हुए परिवहन, स्वास्थ्य सेवाओं और सुरक्षा व्यवस्था को पहले से मजबूत किया गया है।
सुरक्षा के अभूतपूर्व इंतजाम, हाई अलर्ट पर एजेंसियां
हाल के सुरक्षा इनपुट को देखते हुए पूरी यात्रा को लेकर हाई अलर्ट घोषित किया गया है। जम्मू-श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग पर सेना, पुलिस, सीआरपीएफ और अन्य सुरक्षा बलों की अतिरिक्त तैनाती की गई है। संवेदनशील इलाकों में लगातार गश्त की जा रही है और वाहनों की सघन जांच हो रही है।जम्मू में इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर (ICCC) भी शुरू किया गया है, जहां से पूरी यात्रा की 24 घंटे निगरानी की जा रही है।