मध्य प्रदेश

Public Health: जनजातीय अंचलों तक पहुंचेगी सेहत की गाड़ी

6 नई मोबाइल मेडिकल यूनिट्स को हरी झंडी

Tribal Development Mobile Medical: स्वास्थ्य सेवाओं को सुदूर अंचलों तक पहुंचाने के प्रयास में, मुख्यमंत्री निवास से धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान के अंतर्गत 6 नई मोबाइल मेडिकल यूनिट्स को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया।ये यूनिट्स प्रदेश के आलीराजपुर, खंडवा, धार और झाबुआ जैसे जनजातीय बहुल जिलों में स्वास्थ्य सेवाओं की पहुँच को और मजबूत करेंगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह पहल प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में शुरू किए गए धरती आबा अभियान का महत्वपूर्ण हिस्सा है, जिसका उद्देश्य है कि “स्वास्थ्य सेवा हर घर, हर गांव तक पहुँचे।”

Tribal Development Mobile Medical: प्रदेश में 72 मोबाइल मेडिकल यूनिट्स सक्रिय

सीएम डॉ. यादव ने बताया कि वर्तमान में प्रदेश के 21 जिलों में 66 मोबाइल मेडिकल यूनिट्स प्रधानमंत्री जनजातीय आदिवासी न्याय महाअभियान (पीएम जन-मन) के तहत संचालित हैं। इन नई 6 यूनिट्स के जुड़ने से संख्या बढ़कर 72 हो जाएगी। इन यूनिट्स के माध्यम से निःशुल्क चिकित्सा परामर्श, दवा वितरण, मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाएं, टीकाकरण, आभा आईडी निर्माण, फिजियोथेरेपी और पैथोलॉजी जांच जैसी सुविधाएं प्रदान की जाएंगी।

10 किलोमीटर दायरे में अस्पताल न होने वाले गांवों को राहत

डॉ. यादव ने कहा कि मोबाइल मेडिकल यूनिट्स उन गांवों तक भी पहुंचेंगी, जहाँ 10 किलोमीटर के दायरे में कोई स्थायी अस्पताल या स्वास्थ्य केंद्र नहीं है। उन्होंने कहा,“राज्य सरकार का उद्देश्य है कि मध्यप्रदेश के किसी भी नागरिक को स्वास्थ्य सुविधा से वंचित न रहना पड़े। यह पहल जनजातीय अंचलों में चिकित्सा सेवाओं की पहुंच को नई दिशा देगी।”

जनजातीय इलाकों में आएगा बदलाव

मुख्यमंत्री ने कहा कि इन यूनिट्स से सुदूर इलाकों में रहने वाले लोगों को न केवल स्वास्थ्य सुविधा मिलेगी बल्कि सिकल सेल एनीमिया, शुगर और अन्य बीमारियों की जांच व इलाज भी आसानी से संभव होगा।इस मौके पर लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा राज्यमंत्री नरेन्द्र शिवाजी पटेल, प्रमुख सचिव संदीप यादव, आयुक्त जनसम्पर्क दीपक कुमार सक्सेना और एनएचएम की प्रबंध निदेशक सुश्री सलोनी सिडाना उपस्थित रहीं। Read More:- बस एक गलती…और पूरी ज़िंदगी पछताना पड़ा, जानिए क्यों रिश्तों को समझना सबसे ज़रूरी है