मध्य प्रदेश
Monsoon 2025: मध्यप्रदेश से 10 अक्टूबर तक विदा होगा मानसून, लेकिन बारिश अभी जारी
Monsoon 2025: मध्यप्रदेश में मानसून की विदाई का सिलसिला शुरू हो चुका है। अब तक प्रदेश के 12 जिलों से मानसून लौट चुका है और बाकी हिस्सों से भी 10 अक्टूबर तक इसके विदा होने की संभावना है। लेकिन इसके पहले हल्की से मध्यम बारिश का सिलसिला जारी रहेगा। अगले 3 दिनों तक बूंदाबांदी के आसार हैं और अगर सिस्टम मजबूत हुआ, तो कुछ जिलों में तेज बारिश भी हो सकती है।
[caption id="attachment_108779" align="alignnone" width="300"] Monsoon 2025[/caption]
भोपाल में मौसम ने लिया यू-टर्न[/caption]
भोपाल में मानसून के सीजन के चार दिन बाद मौसम ने अचानक करवट ली। शनिवार को शहर में झमाझम बारिश हुई और 7 मिमी पानी दर्ज किया गया। इसी दिन पहली बार तीनों प्रमुख डेम कोलार, कलियासोत और भदभदा के गेट एक साथ खोले गए। इससे पहले इन डेमों के गेट कई बार अलग-अलग खुले थे, लेकिन यह पहली बार है जब तीनों को एक साथ खोला गया।
गुना बना सबसे ज्यादा बारिश वाला जिला[/caption]
Monsoon 2025: गुना जिले में इस मानसून सीजन में सबसे ज्यादा 65.6 इंच बारिश दर्ज की गई है। मंडला और रायसेन में भी 62 इंच से अधिक बारिश हुई। दूसरी ओर, शाजापुर, खरगोन, खंडवा, बड़वानी और धार जैसे जिलों में सबसे कम बारिश दर्ज की गई — कहीं 28 तो कहीं 33 इंच के आसपास। इंदौर में शुरुआत में बारिश की कमी थी, लेकिन सितंबर में तेज बारिश से हालात सुधरे।
ग्वालियर[/caption]
प्रदेश में इस बार ग्वालियर-चंबल और सागर संभागों में मानसून का जोरदार प्रदर्शन रहा। ग्वालियर, शिवपुरी, गुना, अशोकनगर जैसे जिलों में तय कोटे से ज्यादा बारिश हुई। वहीं, जबलपुर, रीवा और शहडोल संभाग में भी लगातार तेज बारिश के कारण कई जगहों पर बाढ़ जैसे हालात बने। कुल मिलाकर, पूर्वी मध्यप्रदेश में मानसून का असर ज्यादा दिखा।