छत्तीसगढ़

Chhattisgarh Assembly's new building:छत्तीसगढ़ को मिलेगा नया विधानसभा भवन

1 नवंबर को होगा उद्घाटन, पीएम या राष्ट्रपति करेंगे लोकार्पण

छत्तीसगढ़ विधानसभा का नया भवन तैयार होने की अंतिम कगार पर है। इसका उद्घाटन 1 नवंबर को राज्य स्थापना दिवस के मौके पर किया जाएगा। संभावना है कि इस ऐतिहासिक भवन का लोकार्पण प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी या राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू द्वारा किया जाएगा। सरकार इस दिशा में प्रयास कर रही है।

सितंबर तक पूरा होगा निर्माण कार्य

डिप्टी सीएम अरुण साव ने 10 जुलाई को नवा रायपुर स्थित निर्माणाधीन विधानसभा भवन का निरीक्षण किया। उन्होंने बताया कि सिविल वर्क लगभग पूरा हो चुका है और अब इंटीरियर का काम तेजी से चल रहा है। सितंबर तक सभी कार्य पूरे कर लिए जाएंगे ताकि नवंबर में भवन उद्घाटन के लिए तैयार हो।

विधायकों की नई सीट का परीक्षण

निरीक्षण के दौरान डिप्टी सीएम खुद उस सीट पर बैठे जो नए विधानसभा भवन में विधायकों के लिए लगाई जा रही है। उन्होंने देखा कि सीट में कोई असुविधा तो नहीं है। यह वही सीट है जिसके लिए राजनीति में वर्षों तक संघर्ष होता है—विधानसभा की सीट, सत्ता का प्रतीक।

छत्तीसगढ़ की संस्कृति झलकेगी नए भवन में

डिप्टी सीएम ने बताया कि नए विधानसभा भवन में छत्तीसगढ़ की समृद्ध संस्कृति, शिल्प और स्थापत्य कला की झलक दिखाई देगी। इसे न सिर्फ राज्य का गौरव, बल्कि देश का एक दर्शनीय भवन बनाने की दिशा में कार्य हो रहा है।

तीन विंग में बंटा है पूरा स्ट्रक्चर

नया विधानसभा भवन तीन मुख्य विंग में बांटा गया है।

विंग-ए में सचिवालय,

विंग-बी में विधानसभा का सदन, सेंट्रल हॉल, सीएम और स्पीकर का ऑफिस, विंग-सी में उप मुख्यमंत्री और मंत्रियों के दफ्तर होंगे। फर्नीचर और इंटीरियर का कार्य अंतिम चरण में है।

52 एकड़ में फैला परिसर, 200 विधायकों की बैठक क्षमता

इस भव्य भवन का निर्माण 52 एकड़ भूमि पर किया गया है। विधानसभा के सदन में एक साथ 200 विधायकों के बैठने की क्षमता होगी। इसके अलावा 500 लोगों के लिए एक ऑडिटोरियम, 700 कारों की पार्किंग और दो सुंदर सरोवर (1.5 एकड़ प्रत्येक) का निर्माण प्रस्तावित है।

2020 में रखी गई थी नींव, मिनी माता के नाम पर रखने का प्रस्ताव

28 अगस्त 2020 को कांग्रेस शासन में इस भवन की नींव रखी गई थी। उस समय सोनिया गांधी और राहुल गांधी ने वर्चुअली इसमें भाग लिया था। उस वक्त सरकार ने प्रदेश की पहली महिला सांसद मिनी माता के नाम पर भवन का नाम रखने का निर्णय लिया था।

अब इंटीरियर, साज-सज्जा पर जोर

विधानसभा भवन का इंटीरियर कार्य लगभग 85% पूरा हो चुका है। सभागार और सेंट्रल हॉल को आधुनिक तकनीक से लैस किया जा रहा है। हर सीट पर डिजिटल वोटिंग सिस्टम और ऑडियो-वीडियो कनेक्टिविटी जैसी व्यवस्थाएं होंगी।

छत्तीसगढ़ को मिलेगा नया पहचान चिन्ह

यह भवन सिर्फ ईंट-पत्थर की संरचना नहीं, बल्कि यह छत्तीसगढ़ के नए राजनीतिक और सांस्कृतिक युग की शुरुआत का प्रतीक होगा। 25 साल के लंबे इंतजार के बाद, राज्य के विधायकों को नया और आधुनिक कार्यस्थल मिलेगा।

Read More :- शशि थरूर ने इमरजेंसी को काला अध्याय कहा: नसबंदी अभियान को मनमाना और क्रूर फैसला!

Watch Now :-  जानिए कैसे ChatGPT की मदद से Jennifer Allen ने सिर्फ 30 दिन में आधा कर्ज चुकता कर दिया – वीडियो जरूर देखें और शेयर करें!