यात्रीगढ़ ध्यान दे… बिलासपुर जोन में 18 ट्रेनें कैंसिल, 20 शॉर्ट टर्मिनेट
दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे के बिलासपुर जोन में रेलवे यात्रियों को अगले 19 दिनों तक भारी परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। रेलवे ने 18 ट्रेनों को रद्द करने के साथ ही 20 ट्रेनों को शॉर्ट टर्मिनेट और 2 ट्रेनों के रूट बदलने का फैसला लिया है।ये बदलाव 3 मई से 22 मई 2026 के बीच अलग-अलग तारीखों में लागू रहेंगे। इसका असर मध्यप्रदेश, नागपुर, झारखंड और छत्तीसगढ़ के हजारों यात्रियों पर पड़ेगा। खासकर बिलासपुर, रायपुर, बालाघाट, गोंदिया, टाटानगर और इतवारी रूट पर यात्रा करने वालों को दिक्कत हो सकती है।
मेंटनेंस कार्य के कारण फैसला
रेलवे अधिकारियों के मुताबिक नागपुर मंडल के गोंदिया स्टेशन पर प्लेटफॉर्म नंबर-4 की डाउन मेन लाइन पर मेंटनेंस और तकनीकी कार्य किया जाएगा। इसके चलते लगभग 20 दिनों तक यह लाइन बंद रहेगी।इसी वजह से 10 एक्सप्रेस और पैसेंजर ट्रेनों को रद्द किया गया है। वहीं रायपुर मंडल के निपनिया-भाटापारा सेक्शन में रोड अंडरब्रिज निर्माण के लिए ब्लॉक लिया गया है, जिसके कारण 8 पैसेंजर ट्रेनें प्रभावित हुई हैं।
इन ट्रेनों के बदले गए रूट
11754 रीवा-इतवारी एक्सप्रेस
यह ट्रेन 2, 4, 6, 9, 11, 13, 16 और 18 मई 2026 को पुराने रूट जबलपुर-नैनपुर-बालाघाट-गोंदिया-इतवारी की बजाय नए रूट जबलपुर-नैनपुर-छिंदवाड़ा-इतवारी से चलेगी।
11753 इतवारी-रीवा एक्सप्रेस
यह ट्रेन 3, 5, 7, 10, 12, 14, 17 और 19 मई 2026 को पुराने मार्ग की जगह इतवारी-छिंदवाड़ा-नैनपुर-जबलपुर रूट से संचालित की जाएगी।
बरौनी-गोंदिया एक्सप्रेस भी प्रभावित
बरौनी-गोंदिया एक्सप्रेस 2 मई से 22 मई 2026 तक गोंदिया तक नहीं जाएगी। यह ट्रेन केवल दुर्ग स्टेशन तक ही संचालित की जाएगी।
किन यात्रियों पर सबसे ज्यादा असर?
इस रेलवे ब्लॉक का सबसे ज्यादा असर उन यात्रियों पर पड़ेगा जो रोजाना या नियमित रूप से रायपुर, बिलासपुर, नागपुर, बालाघाट, कोरबा, गेवरा रोड और टाटानगर रूट पर सफर करते हैं।गर्मी की छुट्टियों और शादी सीजन के बीच ट्रेनों के रद्द होने से यात्रियों को टिकट, यात्रा योजना और कनेक्टिंग ट्रेनों को लेकर परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।
रेलवे ने यात्रियों से की अपील
रेलवे ने यात्रियों से यात्रा से पहले ट्रेन का स्टेटस जांचने और वैकल्पिक व्यवस्था रखने की अपील की है। रेलवे अधिकारियों का कहना है कि सुरक्षा और बेहतर रेल संचालन के लिए यह तकनीकी कार्य जरूरी है।