Stock Market AI Impact: बीते सप्ताह वैश्विक शेयर बाजारों में अचानक तेज हलचल देखने को मिली। वजह बनी अमेरिका की आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस कंपनी एंथ्रोपिक की एक घोषणा, जिसने निवेशकों की चिंता बढ़ा दी। कंपनी ने कॉरपोरेट लीगल टीमों के लिए एक नया लीगल एआई टूल लॉन्च किया, जिसके बाद यूरोप से लेकर अमेरिका और भारत तक बाजारों में बिकवाली का दौर शुरू हो गया। यह नया टूल एंथ्रोपिक के एआई असिस्टेंट ‘क्लॉड’ का हिस्सा है, जिसे खासतौर पर इन-हाउस लीगल टीमों के रोजमर्रा के काम आसान बनाने के लिए डिजाइन किया गया है।
Stock Market AI Impact: जाने क्या है एंथ्रोपिक का नया लीगल AI टूल
कंपनी के मुताबिक, यह एआई टूल
- कॉन्ट्रैक्ट की जांच
- गोपनीयता समझौतों की समीक्षा
- कानूनी सार (लीगल समरी) तैयार करना
- सामान्य ड्राफ्टिंग जैसे काम
आसानी से कर सकता है। हालांकि एंथ्रोपिक ने साफ किया है कि यह टूल कानूनी सलाह नहीं देता, और एआई से तैयार किसी भी दस्तावेज की अंतिम समीक्षा वकीलों द्वारा ही की जानी जरूरी होगी।
Stock Market AI Impact: यूरोप की लीगल सॉफ्टवेयर कंपनियों को झटका
एंथ्रोपिक की घोषणा के बाद यूरोप की कई बड़ी लीगल और पब्लिशिंग कंपनियों के शेयर बुरी तरह टूट गए। रेलक्स और वोल्टर्स क्लूवर के शेयरों में 10 फीसदी से ज्यादा की गिरावट आई। पियर्सन के शेयर भी दबाव में नजर आए।
भारतीय IT शेयरों पर भी पड़ा असर
वैश्विक बिकवाली का असर भारतीय शेयर बाजार में भी साफ दिखा। कारोबार की शुरुआत में ही इन्फोसिस, टीसीएस, एचसीएल टेक, टेक महिंद्रा और विप्रो जैसे दिग्गज आईटी शेयरों में 6 प्रतिशत तक की गिरावट दर्ज की गई। विश्लेषकों के अनुसार यह दबाव मुख्य रूप से विदेशी निवेशकों की बिकवाली के कारण आया। अमेरिका में रातोंरात आई गिरावट का असर दालाल स्ट्रीट खुलते ही निवेशकों की धारणा पर दिखने लगा।
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अमेरिका में भी AI का डर हावी
अमेरिकी बाजारों में भी लीगल रिसर्च और सॉफ्टवेयर से जुड़ी कंपनियां सबसे ज्यादा प्रभावित रहीं। थॉमसन रॉयटर्स, लीगल जूम और लंदन स्टॉक एक्सचेंज ग्रुप के शेयरों में 12 फीसदी से अधिक की गिरावट देखी गई। इसके बाद सॉफ्टवेयर सेक्टर में कमजोरी फैलती चली गई। हालात यह रहे कि एस एंड पी के दो प्रमुख सूचकांकों से करीब 300 अरब डॉलर का बाजार मूल्य साफ हो गया।
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निवेशकों की चिंता
निवेशक अब उन सभी कंपनियों को लेकर सतर्क हो गए हैं, जिनका कारोबार किसी न किसी रूप में सॉफ्टवेयर, डेटा या रिसर्च पर टिका है. ओपनएआई और एंथ्रोपिक जैसी कंपनियों की तेजी से बढ़ती ताकत यह साफ संकेत दे रही है कि सॉफ्टवेयर इंडस्ट्री एक बड़े बदलाव के दौर में प्रवेश कर चुकी है।बाजार की यह घबराहट शायद अस्थायी हो, लेकिन एक बात तय है, एआई अब सिर्फ तकनीक नहीं रहा, बल्कि शेयर बाजार की दिशा तय करने वाला फैक्टर बनता जा रहा है।
