मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव 5 सितंबर को भोपाल स्थित होमगार्ड कार्यालय के SDRF स्टेट कमांड सेंटर पहुंचे। यहां उन्होंने प्रदेश में लगातार हो रही अतिवृष्टि और बाढ़ की स्थिति की समीक्षा की। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से प्रभावित क्षेत्रों की जानकारी ली और राहत एवं बचाव कार्यों की स्थिति का जायजा लिया।
राहत-बचाव कार्यों की ली जानकारी
मुख्यमंत्री ने प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में चलाए जा रहे राहत और बचाव अभियानों की मॉनिटरिंग की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि बाढ़ और बारिश से प्रभावित इलाकों में प्रशासन पूरी तरह अलर्ट रहे और जरूरत पड़ने पर लोगों को तत्काल सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जाए।
एक महीने में 2783 से ज्यादा लोगों का रेस्क्यू
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि प्रदेश में बारिश का दौर लगातार जारी है। पश्चिमी मध्यप्रदेश को छोड़कर प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में बारिश की पूर्ति हो चुकी है। उन्होंने बताया कि SDRF और NDRF की टीमें लगातार मुस्तैद हैं। बीते एक महीने में इन टीमों ने 2783 से ज्यादा लोगों को रेस्क्यू कर सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाया है।
जवानों की मुस्तैदी से बची जान
सीएम ने कहा कि अचानक आई बाढ़ की चुनौती के दौरान रेस्क्यू टीमों ने पूरी तत्परता से काम किया। जवानों की मुस्तैदी के कारण कई लोगों के साथ-साथ मवेशियों की भी जान बचाई जा सकी। निचले इलाकों में अचानक पानी भरने से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ता है, ऐसे में समय पर रेस्क्यू बेहद महत्वपूर्ण है।
पुलिस और रेस्क्यू टीमों को दी बधाई
मुख्यमंत्री ने आपदा के दौरान बेहतर काम करने वाले पुलिस जवानों और रेस्क्यू टीमों की सराहना की। उन्होंने कहा कि प्रशासन और सुरक्षा बलों ने मुश्किल परिस्थितियों में दक्षता के साथ जिम्मेदारी निभाई है। उन्होंने सभी टीमों को आगे भी इसी तरह सतर्क रहने के निर्देश दिए।
बारिश को लेकर अभी भी सावधानी जरूरी
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में बारिश का मौसम अभी कुछ दिन और रहने वाला है। ऐसे में लोगों को सावधानी बरतने की जरूरत है। प्रशासन को भी संवेदनशील और निचले इलाकों पर विशेष नजर रखने के निर्देश दिए गए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि आपदा की स्थिति में राज्य सरकार पूरी तरह नागरिकों के साथ खड़ी है।
जनता से किया सीधा संवाद
SDRF कमांड सेंटर में समीक्षा के दौरान मुख्यमंत्री ने प्रदेश के कई प्रभावित क्षेत्रों के लोगों से सीधे संवाद भी किया। उन्होंने स्थानीय स्थिति की जानकारी ली और लोगों को भरोसा दिलाया कि सरकार राहत और बचाव कार्यों में किसी तरह की कमी नहीं आने देगी।