हिमाचल लॉन्चेस एंटी-ड्रग कैंपेन

'खेलो हिमाचल-चिट्टा मुक्त अभियान' की शुरुआत: नशे के खिलाफ सुक्खू सरकार का बड़ा दांव

हिमाचल प्रदेश सरकार ने युवाओं के बीच नशीले पदार्थों के सेवन को रोकने के लिए 'खेलो हिमाचल-चिट्टा मुक्त अभियान' शुरू किया।

By : रोहन उमक
'खेलो हिमाचल-चिट्टा मुक्त अभियान' की शुरुआत: नशे के खिलाफ सुक्खू सरकार का बड़ा दांव

खेलो हिमाचल-चिट्टा मुक्त अभियान की शुरुआत: नशे के खिलाफ सुक्खू सरकार का बड़ा दांव

हिमाचल प्रदेश में युवाओं के बीच बढ़ते 'चिट्टे' और अन्य मादक पदार्थों के सेवन पर रोक लगाने के उद्देश्य से राज्य सरकार ने व्यापक अभियान की शुरुआत की है। मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू ने मंगलवार को शिमला में आयोजित एक उच्चस्तरीय बैठक की अध्यक्षता करते हुए राज्यव्यापी ‘खेलो हिमाचल-चिट्टा मुक्त अभियान’ का शुभारंभ किया। सरकार का कहना है कि इस पहल का उद्देश्य खेलों के माध्यम से युवाओं की ऊर्जा को सकारात्मक दिशा देना और नशे के खिलाफ जन-जागरूकता को सामाजिक आंदोलन का रूप देना है।

हिमाचल सीएम सुक्खू

बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने अभियान की रणनीति और कार्ययोजना की समीक्षा करते हुए कहा कि चिट्टा और अन्य मादक पदार्थों का बढ़ता प्रचलन युवाओं के भविष्य के लिए गंभीर चुनौती बनता जा रहा है। उन्होंने कहा कि नशे की लत केवल एक व्यक्ति को ही नहीं, बल्कि पूरे परिवार और समाज को प्रभावित करती है।

235 सबसे अधिक प्रभावित पंचायतों पर रहेगा विशेष फोकस

मुख्यमंत्री ने बताया कि अभियान को प्रदेश के हर हिस्से तक पहुंचाया जाएगा। इसके तहत राज्य की सभी 3,758 ग्राम पंचायतों, 8 नगर निगमों, 29 नगर परिषदों और 39 नगर पंचायतों में युवाओं को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक किया जाएगा।

सरकार के अनुसार, नशे से सबसे अधिक प्रभावित 235 ग्राम पंचायतों में विशेष रूप से सघन अभियान चलाया जाएगा। इन क्षेत्रों में खेल प्रतियोगिताओं, जन-जागरूकता कार्यक्रमों और सामुदायिक सहभागिता के माध्यम से युवाओं को नशे से दूर रहने के लिए प्रेरित किया जाएगा।

सीएम सुक्खू

11.56 करोड़ रुपये का बजट, पंचायत से राज्य स्तर तक होंगी प्रतियोगिताएं

मुख्यमंत्री सुक्खू ने कहा कि खेल सामाजिक बदलाव का प्रभावी माध्यम बन सकते हैं। इसी सोच के तहत युवाओं को पंचायत स्तर से खेल गतिविधियों से जोड़ने की योजना बनाई गई है। प्रतियोगिताओं का आयोजन उप-मंडल, जिला और राज्य स्तर तक किया जाएगा, जिससे अधिक से अधिक युवाओं की भागीदारी सुनिश्चित हो सके।

सरकार ने इस अभियान के तहत खेल प्रतियोगिताओं के आयोजन और विजेता एवं उपविजेता टीमों को पुरस्कार राशि देने के लिए 11.56 करोड़ रुपये के बजट का प्रावधान किया है।

इसके अलावा अभियान के प्रभावी संचालन और निगरानी के लिए खेल संघों, युवा सेवाएं एवं खेल विभाग, शिक्षा विभाग तथा पुलिस विभाग के अधिकारियों की एक विशेष तकनीकी समिति गठित की जाएगी।

नशा तस्करों पर कार्रवाई के साथ रोकथाम और पुनर्वास पर भी जोर

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार नशा तस्करों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई कर रही है। साथ ही, केवल कानून-व्यवस्था के उपायों तक सीमित न रहकर रोकथाम, जन-जागरूकता और नशा छोड़ चुके लोगों के पुनर्वास जैसे बहुआयामी प्रयास भी किए जा रहे हैं।

उन्होंने कहा कि युवाओं को सकारात्मक गतिविधियों से जोड़ना ही नशे की समस्या का स्थायी समाधान हो सकता है और खेल इसमें महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं।

प्रतीकात्मक तस्वीर

'नशा-मुक्त हिमाचल' के लिए सामूहिक प्रयास जरूरी

मुख्यमंत्री सुक्खू ने कहा कि राज्य सरकार स्वस्थ, अनुशासित और सशक्त युवा पीढ़ी के निर्माण के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि 'नशा-मुक्त हिमाचल' का लक्ष्य तभी हासिल किया जा सकता है, जब सरकार, शैक्षणिक संस्थान, खेल संगठन, पंचायती राज संस्थाएं और आम नागरिक मिलकर साझा जिम्मेदारी निभाएं।

उन्होंने सभी संबंधित विभागों और प्रदेशवासियों से इस अभियान को जनआंदोलन बनाने का आह्वान करते हुए कहा कि युवाओं को नशे से बचाना केवल सरकार की नहीं, बल्कि पूरे समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है।

संबंधित सामग्री

धमतरी में बढ़ता आत्महत्या का संकट, एक दिन में 3 युवकों की मौत

धमतरी में बढ़ता आत्महत्या का संकट, एक दिन में 3 युवकों की मौत

धमतरी जिले में एक ही दिन में तीन युवकों की आत्महत्या की घटनाओं ने जिले में चिंता बढ़ा दी है। पिछले 3 सालों में 500 से अधिक आत्महत्याएँ दर्ज की गईं।

दिल्ली से लौटे CM सुक्खू, हिमाचल में मंत्रिमंडल विस्तार को लेकर बढ़ी हलचल; सियासी फैसलों पर निगाहें

दिल्ली से लौटे CM सुक्खू, हिमाचल में मंत्रिमंडल विस्तार को लेकर बढ़ी हलचल; सियासी फैसलों पर निगाहें

हिमाचल प्रदेश में मंत्रिमंडल विस्तार और विभागों में फेरबदल की संभावना के बीच सीएम सुक्खू ने दिल्ली में कांग्रेस नेताओं से मुलाकात की।

सीएम डॉ. मोहन यादव ने युवा शिक्षा अधिकारियों से किया संवाद, कहा- हमारी पहली प्राथमिकता ‘कोई भी बच्चा पीछे न रहे’

सीएम डॉ. मोहन यादव ने युवा शिक्षा अधिकारियों से किया संवाद, कहा- हमारी पहली प्राथमिकता ‘कोई भी बच्चा पीछे न रहे’

मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शिक्षा व्यवस्था में युवा नेतृत्व और नवाचारों को बढ़ावा देने के लिए 'एजुकेशन डायलॉग' कार्यक्रम आयोजित किया।

हिमाचल में ड्रेजिंग, माइनिंग पर आएगी नई पॉलिसी, CM सुक्खू बोले- नदियों की सफाई से सालाना हो सकती है ₹3,000 करोड़ की कमाई

हिमाचल में ड्रेजिंग, माइनिंग पर आएगी नई पॉलिसी, CM सुक्खू बोले- नदियों की सफाई से सालाना हो सकती है ₹3,000 करोड़ की कमाई

हिमाचल प्रदेश विधानसभा में ड्रेजिंग और माइनिंग के मुद्दे पर चर्चा हुई, जिसमें सरकार नई नीतियां लाने की दिशा में काम कर रही है।

हिमाचल में खजाना मजबूत हुआ तो मिलेगा कर्मचारियों-पेंशनरों का पूरा एरियर, CM सुक्खू बोले- दबाव में नहीं लेगी सरकार फैसला

हिमाचल में खजाना मजबूत हुआ तो मिलेगा कर्मचारियों-पेंशनरों का पूरा एरियर, CM सुक्खू बोले- दबाव में नहीं लेगी सरकार फैसला

हिमाचल प्रदेश के सीएम सुक्खू ने कर्मचारियों और पेंशनरों के लंबित वित्तीय लाभों के भुगतान के लिए व्यवस्थित योजना की घोषणा की।

Advertisement

MP ADD मिलिए अनुपूर्ति श्रीवास्तव से 01 ON 06 september