पंजाब में ज्यादा बिजली बिल और 300 यूनिट मुफ्त बिजली की सब्सिडी नहीं मिलने से परेशान उपभोक्ताओं के लिए राहत की खबर है। बिजली मंत्री तरुणप्रीत सिंह सोंध ने बताया कि सरकार ने ऐसे 63,702 उपभोक्ताओं की पहचान की है, जिन्हें अब नए सिरे से बिल भेजे जाएंगे। यह प्रक्रिया अगले तीन कार्यदिवस में पूरी करने का दावा किया गया है।
हड़ताल से बिगड़ी बिलिंग
बिजली मंत्री ने बताया कि मई, जून और जुलाई के दौरान मीटर रीडर्स की हड़ताल के चलते वास्तविक मीटर रीडिंग नहीं हो सकी थी। ऐसे में उपभोक्ताओं को पिछले साल की खपत के आधार पर औसत बिल जारी किए गए। इससे कई मामलों में अलग-अलग महीनों की बिजली खपत को जोड़कर बिल तैयार हो गया। नतीजा यह हुआ कि जिन उपभोक्ताओं की किसी महीने में खपत 300 यूनिट से कम थी, उन्हें मिलने वाली मुफ्त बिजली की सब्सिडी का लाभ नहीं मिल सका।
मई-जून की सब्सिडी मिलेगी
मंत्री के मुताबिक, करीब 78 लाख उपभोक्ताओं के डेटा की जांच की गई और एक प्रतिशत से भी कम उपभोक्ता इस समस्या से प्रभावित मिले। अब 63,702 उपभोक्ताओं को नए बिल जारी किए जा रहे हैं। जिन उपभोक्ताओं की मई और जून में खपत 300 यूनिट से कम रही थी, उन्हें उन महीनों की सब्सिडी का लाभ मिलेगा। वहीं, जुलाई में 300 यूनिट से अधिक खपत होने पर अतिरिक्त यूनिट का बिल देना होगा। जिन लोगों ने पहले ही बिल जमा कर दिया है, उनके खाते में अगले बिल में इसका समायोजन किया जाएगा।
शिकायत के लिए कल से हेल्पलाइन
मंत्री ने बताया कि नए सॉफ्टवेयर में तकनीकी खामी के कारण करीब 2 प्रतिशत उपभोक्ताओं के बिल ज्यादा आए हैं। सरकार ने इस तकनीकी समस्या को ठीक करने का दावा किया है और संबंधित सॉफ्टवेयर कंपनी को शो-कॉज नोटिस भी जारी किया गया है। उपभोक्ताओं की शिकायतों के समाधान के लिए कल से एक डेडिकेटेड हेल्पलाइन शुरू की जाएगी। हेल्पलाइन पर 20 लोगों की टीम तैनात रहेगी। शिकायत मिलने के बाद बिल की जांच कर उसे 15 दिन के भीतर ठीक करने का दावा किया गया है। मंत्री ने कहा कि करीब 98 प्रतिशत बिल सही हैं।